Budh Gochar 2026: वैदिक ज्योतिष शास्त्र में बुध ग्रह को ग्रहों का राजकुमार माना जाता है। 5 अगस्त 2026 को बुध मिथुन से कर्क राशि में गोचर करेंगे। कर्क राशि के स्वामी ग्रह चंद्रमा होते हैं और बुध का चंद्रमा के साथ मित्रता का भावन नहीं होता है ऐसे में बुध का कर्क राशि में गोचर को अच्छा नहीं कहा जा सकता है। आपको बता दें बुध 5 अगस्त को शाम 7 बजकर 42 मिनट पर कर्क राशि में प्रवेश करेंगे। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, बुध को बुद्धि, वाणी, तर्क क्षमता और व्यापार का कारक माना जाता है। जब किसी व्यक्ति की कुंडली में बुध ग्रह की स्थिति मजबूत होती है तो व्यक्ति की बुद्धि तेज और वाणी बहुत ही प्रभावशाली होती है। बुध मिथुन और कन्या राशि के स्वामी ग्रह माने जाते हैं और कन्या राशि में बुध उच्च अवस्था में होते हैं। आइए जानते हैं बुध के कर्क राशि में गोचर करने से किन-किन राशियों को आने वाले कुछ दिनों में फूंक-फूंक कर कदम रखने होंगे।