हाल ही में ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स में साथी स्क्वैश खिलाड़ी जोशना चिनप्पा के साथ देश को महिला डबल्स में स्वर्ण पदक दिलाने वाली दीपिका पल्लीकल अभी तक एशियन गेम्स के ड्रॉ में फेरबदल करने वालों से नाराज हैं।
दीपिका ने सोमवार को एशियन गेम्स में भारत को कांस्य पदक दिलाया। एशियन गेम्स के इतिहास में भारत का स्क्वैश में यह पहला पदक है। क्वार्टर फाइनल में दीपिका की भिड़ंत अपनी दोस्त जोशना चिनप्पा के साथ ही थी।
दीपिका को एशियन गेम्स की शुरुआत से पहले ही इस बात का अंदाजा हो गया था कि क्वार्टर फाइनल में उनकी भिड़ंत जोशना चिनप्पा से होगी और यही उनके गुस्से का कारण है।
एशियन गेम्स में कांस्य पदक जीतकर इतिहास बनाने वाली दीपिका ने कहा कि वह इन खेलों के ड्रॉ में जानबूझकर फेरबदल करने वालों के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेगी।
दीपिका भारतीय क्रिकेटर दिनेश कार्तिक की पत्नी हैं। दीपिका ने कहा कि भारत में अधिकारियों से कोई संतुष्ट जवाब नहीं मिलने के बाद अब वह इस मामले को उच्च अधिकारियों के सामने रखेगी।
विश्व की नंबर एक खिलाड़ी निकोल डेविड के खिलाफ सेमीफाइनल में हारने वाली दीपिका ने कहा कि हमवतन खिलाड़ी जोशना चिनप्पा के खिलाफ क्वार्टर फाइनल में जीत हासिल करके उन्होंने अधिकारियों और उन पर संदेह करने वाले आलोचकों का मुंह बंद कर दिया है।
भारतीय खिलाड़ी ने कहा कि यह उनके लिए वास्तव में काफी अहम थी। जब मैंने सबसे साथ कहा कि ड्रॉ में छेड़छाड़ हुई है तो कुछ लोग यह सोचते थे कि मैं जोशना का सामना नहीं करना चाहती।
अपने देश के लिए पदक जीतने के बावजूद मेरा यह मानना है कि ड्रॉ में जानबूझकर फेरबदल किया गया था। यदि जोशना दूसरे क्वार्टर में होती तो हम दो पदक जीत सकते थे।
अब मैं यह विकल्प तलाश कर रही हूं कि भविष्य में इस मामले को कैसे आगे बढ़ाया जाए। दीपिका इस मामले को खेलों की पंचाट कोर्ट (सीएएस) की एडहॉक कमेटी के समक्ष उठा सकती है जिसे इंचियोन गेम्स के लिए ही गठित किया गया है। सीएएस की स्थापना 1984 में की गई थी।