केरल में शनिवार से राष्ट्रीय खेलों का आगाज होगा। हालांकि प्रतियोगिता में उत्तराखंड छह फरवरी को बॉक्सिंग से शुरूआत करेगा।
राष्ट्रीय खेलों में प्रदेश की कुल आठ टीमें प्रवेश पाने में सफल रहीं हैं। इसमें एथलेटिक्स, शूटिंग, बैडमिंटन और बॉक्सिंग में सबसे अधिक पदकों की उम्मीद है।
मोनिका सौन पर पदक के लिए निगाहें
केरल में 31 जनवरी से 14 फरवरी तक चलने वाले राष्ट्रीय खेलों में उत्तराखंड की बॉक्सिंग, एथलेटिक्स, बैडमिंटन, वालीबॉल, बास्केटबॉल, निशानेबाजी, जूडो की टीम प्रतिभाग करेंगी। छह फरवरी से बॉक्सिंग प्रतियोगिता शुरू होगी, जिसमें उत्तराखंड की महिला बॉक्सर नेशनल चैंपियन प्रियंका चौधरी और मोनिका सौन पर पदक के लिए प्रदेश की निगाहें रहेंगी।
पुरुष वर्ग में सिर्फ कवींद्र ही क्वालीफाई करने में सफल रहे हैं। बैडमिंटन में दिग्गजों को टक्कर दे रहे युवा खिलाड़ी चिराग सेन, लक्ष्य सेन, बोधित जोशी का पदक पक्का माना जा रहा है। वहीं एथलेटिक्स की प्रतियोगिताएं नौ फरवरी से शुरू होनी हैं।
प्रदेश के लिए नेशनल चैंपियन मनीष रावत, पंकज डिमरी, मुकेश रावत, रवींद्र सिंह रौतेला और प्रीतम बिंद से पदक ही उम्मीद है। विशेषकर नेशनल चैंपियन मनीष रावत ने 20 हजार मीटर वाक में स्वर्ण की उम्मीद कोच भी कर रहे हैं।
हरीश कोरंगा पर रोक लगने के कारण टीम को झटका भी लगा है। निशानेबाजी में समरजीत भी पदक जीतने का दम रखते हैं, जबकि प्रेरणा गुप्ता भी पदक जीतने में सक्षम हैं।
एशियाई चैंपियनशिप में कांस्य पदक विजेता सविता गुरुंग से राष्ट्रीय खेलों में राज्य को जूडो में स्वर्ण की उम्मीद है। वालीबॉल टीम में सीनियर और युवा खिलाड़ियों को शामिल किया गया है और यह टीम उलटफेर करने में सक्षम है।