गूगल ट्रांसलेट अब इंटरनेट के बिना भी चलेगा। यानी फोन में इंटरनेट कनेक्टिविटी के बिना भी एक भाषा को दूसरी भाषा में बदला जा सकेगा।
अभी गूगल ट्रांसलेट को स्मार्टफोन से डायरेक्ट एक्सेस करने या इसका ऐप इंस्टॉल करने के बाद प्रयोग में लाने के लिए इंटरनेट की कनेक्टिविटी जरूरी है।
लेकिन अब इसके इस्तेमाल के लिए इंटरनेट की जरूरत नहीं होगी। गूगल ट्रांसलेट का एक ऐसा एंड्रायड ऐप तैयार किया जा रहा है जो ऑफलाइन काम करेगा यानी बिना इंटरनेट कनेक्टिविटी के।
ऐप के नए वर्जन में यूजर किसी भी भाषा को ऑफलाइन ही 50 दूसरी भाषाओं में कनवर्ट कर सकता है। यह ऐप तब भी काम करेगा जब आपका फोन एयरप्लेन मोड में होगा।
गूगल ट्रांसलेट के नए ऐप में बाई डिफाल्ट अंग्रेजी भाषा सेट होगी। यह अलग-अलग एरिया के हिसाब से बदल भी सकती है। हां, एक दिक्कत है कि यह नया ऐप हेवी होगा... लगभग160 MB का।