भाजपा के पीएम पद के दावेदार और गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी भले गुजरात के मॉडल को देश भर में लागू करना चाहते हों, लेकिन उनके अपने सहयोगी और पार्टी के वरिष्ठ नेता यशवंत सिन्हा की सोच जुदा है।
पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री सिन्हा का कहना है कि किसी भी राज्य के विकास संबंधी मॉडल को राष्ट्रीय स्तर पर लागू नहीं किया जा सकता।
भारत चैंबर्स ऑफ कॉमर्स की तरफ से आयोजित एक कार्यक्रम में सिन्हा ने कहा, "राज्य का मॉडल, राष्ट्रीय विकास के लिए सही नहीं होता। कई ऐसे मुद्दे होते हैं, जिनसे राज्यों को नहीं निपटना होता, जबकि केंद्र सरकार को उनका सामना करना होता है।"
उन्होंने कहा, "बैंकिंग और बाजारों जैसे कई मुद्दों से राज्यों को निपटने की जरूरत नहीं होती।" सिन्हा का यह बयान ऐसे वक्त आया है, जब मुख्य विपक्षी दल भाजपा अपने गुजरात ग्रोथ मॉडल को बढ़ा-चढ़ाकर पेश कर रही है और उसका एक धड़ा इसी मॉडल को राष्ट्रीय स्तर पर लागू भी करना चाहता है।
हालांकि, सिन्हा ने बाद में यह जरूर जोड़ा कि कृषि, ग्रामीण विकास, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे मुद्दों को लेकर राज्य का मॉडल काम कर सकता है।
बाद में अर्थव्यवस्था की मौजूदा स्थिति पर उन्होंने कहा, "अमेरिकी फेडरल रिजर्व पर नीति-निर्माताओं की निर्भरता अच्छी नहीं है। इसे दुरुस्त करने के लिए कदम उठाए जाने चाहिए।"
उन्होंने कहा, "ऐसा नहीं होना चाहिए कि तीन साल तेज रफ्तार ग्रोथ हो और उसके बाद मंदी आ जाए, जैसा कि इन दिनों हो रहा है।"