पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने लंबे समय तक अपने करीबी रहे और तृणमूल कांग्रेस में नंबर दो कहे जाने वाले मुकुल राय को पार्टी के तमाम पदों से हटा दिया है। शुक्रवार को ममता बनर्जी की अध्यक्षता में हुई पार्टी की बैठक में इसका फैसला लिया गया था।
इस बैठक में मुकुल को भी बुलाया गया था लेकिन उन्होंने बजट के दिन संसद में मौजूद रहने की दलील देकर इस बैठक में शामिल होने से इंकार कर दिया था। उधर सभी पदों से हटाए जाने पर टिप्पणी करते हुए मुकुल राय ने कहा है कि यह एक तदर्थ कार्यसमिति है। इसमें फेरबदल करना पार्टी अध्यक्ष का विशेषाधिकार है।
इससे यह साफ हो गया है कि कभी आंख मूंद कर मुकुल पर भरोसा करने वाली ममता का अब उनसे पूरी तरह भरोसा उठ गया है। मुकुल ने हाल ही में दिल्ली में वित्त मंत्री अरुण जेटली से मुलाकात की थी। उसके बाद ही ऐसी अटकलें लगने लगीं थी।