बुधवार को राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के हाथों 32वें भारतीय अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेले की शुरुआत हो गई। वैसे तो पहले चार दिन सिर्फ कारोबारियों के लिए रिजर्व हैं फिर भी आज प्रगति मैदान के आसपास के इलाके में जाम की पूरी संभावनाएं रहेंगी क्योंकि मेले के साथ-साथ आज भइया दूज भी है। बहनें भाइयों को तिलक करने के लिए घर से निकलेंगी। ट्रैफिक पुलिस की सलाह है कि बृहस्पतिवार को प्रगति मैदान के आसपास आने से बचें। इस तरफ से निकलना यदि जरूरी है तो पर्याप्त समय लेकर चलें। सुबह पीक ऑवर से लेकर रात दस बजे तक जाम की स्थिति रह सकती है।
बृहस्पतिवार को मेले की थीम ‘हुनरमंद इंडिया’ की प्रशंसा करते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि देश में कौशल विकास और प्रशिक्षण पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। इसे पूरा करने के लिए सरकारी एजेंसियों के अलावा निजी क्षेत्र को जोड़ना-जुड़ना जरूरी है। राष्ट्रपति ने मेले की उपयोगिता को रेखांकित करते हुए कहा कि यह तीन दशकों से देश की आर्थिक और व्यापारिक समृद्धि को प्रदर्शित कर रहा है। इस दौरान देश का विदेशी व्यापार पांच गुना से बढ़कर वर्ष 2011-12 में 306 अरब डॉलर पहुंच गया है।
वहीं, मेले में भागीदार देश के रूप में शामिल बेलारूस के प्रधानमंत्री मिखाइल वीम़सनीकोविच ने कहा, ‘हम भारत के साथ व्यापार आगे बढ़ाना चाहते हैं। वाहनों और ट्रैक्टर विनिर्माण में संयुक्त उद्यम के साथ औषधि, ऊर्जा व रसायन के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने के इच्छुक हैं।’ मेले में बेलारूस की करीब 6 कंपनियां भाग ले रही हैं। इस बार व्यापार मेले में 6000 से ज्यादा प्रदर्शक हिस्सा ले रहे हैं। आयोजकों को उम्मीद है कि तकरीबन 15 लाख लोग यहां आएंगे। पिछले वर्ष यह आंकड़ा 14 लाख तक गया था।