ईंधन बचाओ अभियान का हिस्सा बनते हुए बुधवार को पेट्रोलियम मंत्री वीरप्पा मोइली अपनी सरकारी गाड़ी की जगह सार्वजनिक वाहन के तौर पर मेट्रो से अपने ऑफिस पहुंचे।
उन्होंने मंत्रालय के सचिव, वरिष्ठ अधिकारी, कर्मचारी समेत सरकारी तेल कंपनियों के आला अधिकारियों को भी ऐसा करने को कहा है।
मंत्रालय के ज्यादातर अधिकारियों ने मेट्रो को आरामदायक मानते हुए इससे कार्यालय जाने की योजना बनाई है। जबकि कुछ ने दफ्तर को घर से करीब बताते हुए पैदल जाने का निर्णय लिया है।
मंत्रालय के सूत्रों के मुताबिक गृह मंत्री सुशील कुमार शिंदे समेत सभी वरिष्ठ मंत्रियों ने वीरप्पा मोइली के ईंधन बचाओ अभियान की सराहना करते हुए अपने मंत्रालयों में भी इसे लागू करने पर अपनी सहमति जताई है। जबकि कई राज्य भी पेट्रोल, डीजल बचत के इस नुस्खे को अपनाने के लिए तैयार हैं।
गौरतलब है कि पेट्रोल, डीजल की बचत के लिए मोइली ने प्रत्येक बुधवार को सार्वजनिक वाहन से दफ्तर जाने की घोषणा की थी।