अन्याय प्रतिकार यात्रा के दौरान आगजनी और भगदड़ के बाद गोदौलिया चौराहे पर सोमवार की शाम हजारों लोग फंस गए। इसकी जानकारी मिलने के बाद घरों से निकले युवाओं, बुजुर्गों और महिलाओं की खबर लेने के लिए परिजन बेचैन रहे। जिन घरों के लोग शहर में निकले थे उनकी सलामती के लिए दुआएं की जाने लगी।
आगजनी-पथराव के बाद पुलिस-पीएसी के जवानों ने सड़क पर जमे उपद्रवियों को खदेड़ने का प्रयास किया तब गलियों से जवाबी ईंट-पत्थर चलने लगे। इस दौरान अमर उजाला के दो छायाकारों की बाइक भी उपद्रवियों ने फूंकी डाली। इसके बाद छात्रों, मरीजों और दर्शनार्थियों और पर्यटकों का गोदौलिया, गिरजाघर, बांसफाटक, चौक और दशाश्वमेध की ओर जाना मुश्किल हो गया।
लोग गलियों से होकर किसी तरह निकल सके। कोई भीड़ के बीच सड़क पर धक्कामुक्की से निकलने की कोशिश कर रहा था तो कोई गलियों में भाग कर शरण ले रहा था। हजारों लोग आसपास की गलियों में छिपे थे। तमाम महिलाओं और संतों ने भी गलियों के चबूतरों पर घंटों गुजारे।