फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कौन चुरा रहा है गुजरात से आने वाला दूध, रहस्य गहराया

विज्ञापन
विज्ञापन
गुजरात से दिल्ली और एनसीआर में सप्लाई होने वाला दूध यूपी सहित तीन राज्यों में बड़े पैमाने पर चोरी हो रहा है। दूध की चोरी में राजस्थान सबसे आगे है। यूपी के एनसीआर के जिले भी पीछे नहीं हैं। बागपत में दूध की बड़े पैमाने पर चोरी का खुलासा हो चुका है। केंद्र और गुजरात सरकार के प्रयास के बावजूद दूध माफिया पर अंकुश नहीं लग सका है।
विज्ञापन


केंद्रीय मंत्री हरिभाई परथीभाई चौधरी के पत्र पर संज्ञान लेते हुए डीआईजी रमित शर्मा ने बागपत के एसपी को दूध चोरी करने वाले गैंग के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। गुजरात के हिम्मतपुर की साबर डेयरी के चेयरमैन जेठाभाई पटेल ने केंद्र सरकार को भेजे पत्र में अवगत कराया कि गुजरात से प्रतिदिन 25 लाख लीटर दूध दिल्ली और एनसीआर में नेशनल हाईवे (एनएच)-8 के रास्ते टैंकरों (ट्रक) से सप्लाई होता है।

लेकिन निर्धारित स्थान तक पहुंचने से पहले ही टैंकरों से हजारों लीटर दूध चोरी हो जाता है। जबकि टैंकरों में जीपीआरएस तक लगा हुआ है। फिर भी दूध की चोरी धड़ल्ले से की जा रही है। उनको पकड़ा नहीं जा सका है। उनके द्वारा केंद्र के अलावा राजस्थान, हरियाणा और यूपी के अधिकारियों को पत्र भी लिखे गए, लेकिन दूध चोरी होना बंद नहीं हुआ।
विज्ञापन

दूध चोरी करने में कौन-कौन शामिल?

अब इस मामले को केंद्र सरकार काफी गंभीरता से ले रही है। केंद्रीय मंत्री द्वारा तीनों राज्यों के अधिकारियों के पास पत्र भेजकर दूध चोरी करने वालों को सबक सिखाने को कहा गया। उनके पत्र पर संज्ञान लेते हुए मेरठ रेंज के डीआईजी रमित शर्मा ने बागपत पुलिस अधीक्षक से जानकारी मांगी कि क्या उनके यहां दूध चोरों का गैंग सक्रिय है? यदि है तो पुलिस द्वारा क्या कार्रवाई की गई।
 
इस बारे में एएसपी विद्या सागर मिश्र का कहना है कि गुजरात का दूध चोरी करने में कौन-कौन शामिल हैं, उनका पता लगाया जा रहा है। फिलहाल बागपत में ऐसा कोई गैंग चिह्नत नहीं हुआ है और न ही किसी के खिलाफ मुकदमा दर्ज है।

ये डेयरियां कर रहीं दूध सप्लाई  
: साबर कांठा जिला की बनारस डेरी
: मेहसाणा दूध डेरी
: दूध सागर डेयरी
: पालनपुर व साबर काठां जिला सहकारी दूध उत्पादन संघ लिमिटेड  

दूध चोरों पर बागपत पुलिस मेहरबान
गुजरात से आने वाले दूध की चोरी दो दिन पूर्व दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर गौरीपुर जवाहरनगर गांव में उजागर हो चुकी है। पुलिस को जानकारी भी दी गई, लेकिन पुलिस ने वहां पर जाने तक की जरूरत नहीं समझी।

पिछले वर्ष बागपत-मेरठ मार्ग पर स्थित सिंघावली अहीर गांव के एक प्लाट पर पुलिस ने छापा मारकर दूध चोरी होता हुआ पकड़ा था। दूध चोरी करने वाले लोग पुलिस के सामने से फरार हो गए थे। पुलिस ने वहां पर दूध के ड्रम और अन्य उपकरण बरामद कर लिए थे, लेकिन पुलिस ने अभी तक उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है।
विज्ञापन

दूध चोरी करने में राजस्थान नंबर वन

एएसपी विद्या सागर मिश्र का कहना है कि गुजरात का दूध सबसे ज्यादा राजस्थान में चोरी हो रहा है। वहां पर दूध माफिया भी चिह्नित किए जा चुके हैं। उनके खिलाफ मुकदमे भी दर्ज हैं।
 
राजस्थान के दूध माफिया
: सीताराम जाट-निवासी डूडू
: मामा-निवासी डूडू
: बिरमा रामा-किशनगढ़
: रमेश-स्वरूपगंज
: रामू-बाड
: जेठाराम विश्नोई
: प्रेमाराम
(पुलिस अधिकारियों के मुताबिक)

ऐसे होता है दूध चोरी
टैंकर पर सवार लोग (चालक, क्लीनर या अन्य कोई सदस्य) क्षेत्र के लोगों से संपर्क कर लेते हैं। वे उनकी मुलाकात दूधिया, दूध की डेयरी संचालक या मिष्ठान भंडार वालों से कराते हैं। वे लोग एक निर्धारित स्थान (जो रोड के आसपास हो) वहां पर टैंकर को ले जाते हैं। तथा टैंकर से पाइप के माध्यम से दूध निकालते हैं। जितना दूध निकाला जाता है, उतना ही पानी मिला दिया जाता है। इसमें खादी और खाकी दोनों की संलिप्तता बताई जा रही है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें