इराक के समारा शहर में जन्मे जिस छात्र को कभी देश के प्रसिद्ध विश्वविद्यालय में इसलिए जगह नहीं मिली क्योंकि वह एक औसत छात्र था, वही आज आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट (आईएस) का सरगना अबू बक्र अल बगदादी के रूप में उभरा है। एक नई रिपोर्ट के मुताबिक बगदादी अपने स्कूली दिनों में औसत छात्र था, जिसकी वजह से वह एक साल फेल भी हुआ था।
खुद को खलीफा कहने वाले 44 वर्षीय बगदादी आज दुनिया भर की सेनाओं पर भारी पड़ रहा है, लेकिन एक वक्त था, जब उसके छोटे कद की वजह से उसे सैन्य भर्ती से बाहर कर दिया गया था। लंदन के एक अखबार और जर्मनी के न्यूज चैनल एआरडी टीवी ने समारा में बगदादी के पड़ोसियों से उसके बारे में जानकारी इकट्ठा की।
बगदादी के पड़ोसी बताते हैं कि वह बचपन से ही खुद को शक्तिशाली और प्रभावी दिखाने की कोशिश करता था। उसने बगदाद विश्वविद्यालय में कानून की पढ़ाई करनी चाही, लेकिन उसके स्कूल में औसत प्रदर्शन के चलते उसे दाखिला नहीं मिला।
इसके बाद उसने ‘इस्लामिक थियोलॉजी’ की आठ साल तक पढ़ाई की और इसी के चलते आगे जाकर उसने इस्लामिक स्टेट को तैयार किया।