कश्मीरी अलगाववादी नेताओं से बातचीत के कारण विदेश सचिव स्तर की वार्ता रद्द होने के बावजूद पाकिस्तान अपने अड़ियल रुख पर डटा हुआ है।
उसने बुधवार को कहा कि वह अलगाववादी नेताओं से बात करता रहेगा क्योंकि कश्मीर समस्या के हल के लिए इस मुद्दे से जुड़े सभी पक्षों से बात करना जरूरी है। पाकिस्तान ने उल्टे भारत पर सीजफायर उल्लंघन का आरोप भी जड़ दिया है।
लेकिन भारत ने भी तीखे जवाब में पाकिस्तान को चेताया है कि वह कश्मीर मुद्दे पर शिमला समझौते का पालन करे। पाकिस्तानी उच्चायुक्त अब्दुल बासित ने जुलाई महीने से अब तक भारत की ओर से 57 बार सीजफायर उल्लंघन का दावा किया।
उन्होंने वार्ता से पूर्व अलगाववादी नेताओं से मुलाकात को भी जायज ठहराया और कहा कि बीते दो दशकों से इस तरह की मुलाकात हो रही है। उन्होंने कहा कि अलगाववादी नेता कश्मीर के असली प्रतिनिधि हैं। पाकिस्तान कश्मीर समस्या के हल के लिए सभी पक्षों को शामिल करना चाहता है।