इस साल यूपीएससी की परीक्षा पास करने वाली गुजरात की एकमात्र महिला कोमल गनात्रा अब अपने अप्रवासी भारतीय (एनआरआई) पति को ढूंढ रही हैं, जो उन्हें शादी के महज 15 दिन बाद ही छोड़ कर चला गया था।
कोमल का पति शैलेष चंदुलाल पोपट इस समय न्यूजीलैंड में है और उसे भारत लाने की कोशिश की जा रही है।
इंडियन एक्सप्रेस की खबर के मुताबिक कोमल और शैलेष की शादी साल 2008 में हुई थी, इसके बाद कोमल को दहेज के लिए परेशान किया जाने लगा। शैलेष शादी के केवल 15 दिनों के बाद कोमल को छोड़कर चला गया।
कोमल ने शैलेष के खिलाफ इस साल 17 फरवरी को अमरेली पुलिस थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी। अब पुलिस शैलेष को भारत वापस लाने की कोशिश कर रही है।
अमरेली महिला पुलिस स्टेशन की पुलिस उप-निरीक्षक एनए सावन्या ने बताया कि हम इंटरपोल की मदद से शैलेष को पूछताछ के लिए वापस लाने की कोशिश कर रहे हैं। आरोपी के बड़े भाई का पासपोर्ट भी जब्त कर लिया गया है।
अपने साथ हुए इस हादसे के बाद भी कोमल गुजरात से इस साल मई में यूपीएससी की परीक्षा पास करने वाली एकमात्र महिला बनीं हैं। वह इस समय प्राथमिक विद्यालय में पढ़ाती हैं।
पति पहले से था शादीशुदा
कोमल के साथ ही नहीं इससे पहले भी शैलेष ने नम्रता जसवानी से शादी की थी। शादी के तीन महीने बाद ही कम दहेज लाने के नाम पर शैलेष ने नम्रता को छोड़ दिया।
नम्रता का कहना है कि उसे शैलेष के घरवालों द्वारा प्रताड़ित किया गया और तीन महिने बाद घर से निकाल दिया। नम्रता ने शैलेष के खिलाफ कोई एफआईआर नहीं कराई। कोमल ने बताया कि शैलेष ने उन्हें अपने तलाकशुदा होने के बारे में भी नहीं बताया था।
पुलिस ने नहीं दर्ज की थी शिकायत
कोमल का कहना है कि पुलिस ने पहले उनकी शिकायत दर्ज करने में आनाकानी की थी उसके बाद पुलिस महानिदेशक चितरंजन सिंह के हस्तक्षेप के बाद एफआईआर हुई।
उनका यह भी कहना है की पुलिस अधीक्षक एनए सावन्या के चलते ही शैलेष को जमानत मिली है। वह चाहती हैं कि उनका केस किसी और को दिया जाए।