कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने 2016 में सक्रिय राजनीति से रिटायर होने संबंधी खबरों को खारिज कर दिया है।
सोनिया ने कहा है कि उन्होंने कभी ऐसी बात किसी से औपचारिक या अनौपचारिक तौर पर कही ही नहीं। उन्होंने दरअसल यह बात लोक जनशक्ति पार्टी के प्रमुख रामविलास पासवान से मुलाकात के दौरान कही।
सोनिया से मुलाकात के बाद पासवान ने बताया कि उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष से कहा कि राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा है कि आप 70 साल की उम्र में रिटायर हो जाएंगी।
देश में सेक्युलर शक्तियों की एकजुटता के लिए अभी आपकी सक्रियता जरूरी है। इसके जवाब में सोनिया ने तुरंत इस बात का खंडन कर दिया।
पासवान ने कहा कि सोनिया ने उन्हें बताया कि उनके संन्यास को लेकर जैसा दावा किया जा रहा है, वैसी कोई बात नहीं है।
सोनिया ने यह भी कहा कि उन्हें इस तरह की चर्चा कभी किसी से की ही नहीं है। शुक्रवार को रामविलास पासवान बिहार में 58 दलितों के नरसंहार में 26 आरोपियों के बरी होने के मामले को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष से मुलाकात करने गए थे।
बेटे चिराग के साथ पहुंचे पासवान ने बातों बातों में कांग्रेस अध्यक्ष से कहा कि अभी भाजपा के सत्ता में आने की कोई संभावना नहीं है। ऐसे में यूपीए ही अगली सरकार बनाने की स्थिति में दिख रहा है।
पासवान ने सोनिया से कहा कि वह ही सभी सेक्युलर शक्तियों को एकजुट रख सकती है और आप ही रिटायर हो जाएंगी तो देश सांप्रदायिक शक्तियों के हाथों में जा सकता है।
पासवान का इतना कहना था कि सोनिया ने तुरंत कहा कि ऐसी कोई बात नहीं है। उन्होंने कभी ऐसा नहीं कहा। 40 मिनट की मुलाकात में पासवान ने दलितों के नरसंहार के मामले में सोनिया से पीड़ितों के मदद की मांग की।