पंजाब समेत दूसरे राज्यों में अनुसूचित जाति और जनजाति के छात्रों को दसवीं से आगे की पढ़ाई के लिए समय पर छात्रवृत्ति नहीं मिल रही है।
बसपा सांसद अवतार सिंह करीमपुरी ने शुक्रवार को राज्यसभा में इस मामले को उठाया। उन्होंने कहा कि पिछले साल इस वर्ग के लाखों बच्चों को पोस्ट मैट्रिक स्कॉलरशिप योजना का लाभ मिला था लेकिन अब सरकारी लेटलतीफी का खामियाजा बच्चों को उठाना पड़ रहा है।
दरअसल निजी संस्थाओं को समय पर फीस नहीं मिलने पर वे बच्चों के नामांकन अगली कक्षाओं में नहीं कर रहे हैं। इसलिए सरकार को योजना का लाभ सुनिश्चित करने समेत राज्यों को इस संदर्भ में निर्देश भी देना चाहिए।
उन्होंने बताया कि पंजाब सरकार ने खत लिखकर शैक्षणिक संस्थानों को कहा है कि पहले फीस वसूली जाए। राज्य सरकार बाद में इसकी भरपाई कर देगी।
उन्होंने इसको संज्ञान में लेते हुए कहा कि सरकार समय पर छात्रवृत्ति मुहैया कराए ताकि अनुसूचित जाति और जनजाति वर्ग के बच्चों की पढ़ाई में रुकावट पैदा नहीं हो।