संघ के स्वयं सेवकों को जल्द ही खाकी निक्कर (हाफ पैंट) से निजात मिल सकती है। इसके बदले स्वयंसेवकों की वेशभूषा में नीले या स्लेटी (ग्रे) रंग के फुल पैंट या ट्राउजर को शामिल किया जा सकता है। हालांकि,लंबे समय से स्वयंसेवकों की पहचान बने निक्कर को बदलने का फैसला थोड़ा कठिन जरूर रहेगा।
मगर सूत्र बताते हैं कि खाकी निक्कर के बदले नीले और स्लेटी रंग के पैंट को अपनाने पर संघ के शीर्ष नेतृत्व के बीच मंथन चल रहा है। 11 मार्च से राजस्थान के नागौर में आयोजित होने वाली संघ के अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा की बैठक में खाकी निक्कर के बदले फुल पैंट लागू करने पर अंतिम निर्णय हो सकता है।
संघ के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख मनमोहन वैद्य ने अमर उजाला से बातचीत में कहा कि नागौर की बैठक में खाकी निक्कर के बदले पैंट या ट्राउजर अपनाने के मामले पर चर्चा होगी। इसके बाद ही इस पर कोई अंतिम निर्णय होगा।