प्रधानमंत्री पद की उम्मीदवारी पर भाजपा में मचे घमासान के बीच राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ ने नरेंद्र मोदी पर अपनी ओर से अंतिम मुहर लगा दी है। संघ ने अपनी इस राय से भाजपा नेतृत्व को भी अवगत करा दिया है।
20 सितंबर से शुरू हो रहे पितृ पक्ष से पहले मोदी की पीएम उम्मीदवारी का ऐलान कराने की संघ की पूरी कोशिश है। इस रणनीति के तहत अब रविवार और सोमवार को होने वाली संघ और भाजपा नेताओं की समन्वय बैठक में मोदी विरोधियों को घेरने और दबाव में लाने का भी इंतजाम कर लिया गया है।
चूंकि रविवार की बैठक में संघ प्रमुख मोहन भागवत मौजूद नहीं होंगे, इसलिए उम्मीदवारी की घोषणा की तारीख पर चर्चा सोमवार को होगी।
पार्टी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी और सुषमा स्वराज सामूहिक नेतृत्व में चुनाव लड़ने पर जोर दे रहे हैं जबकि मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने पार्टी नेतृत्व और संघ प्रमुख से इस साल के अंत तक होने वाले कुछ राज्यों के विधानसभा चुनाव तक उम्मीदवारी की घोषणा टालने का आग्रह किया है।
संघ के वरिष्ठ नेता मनमोहन वैद्य ने प्रेस कांफ्रेंस में स्पष्ट इशारा किया कि संघ ने मोदी के नाम पर अंतिम मुहर लगा दी है। पीएम पद के उम्मीदवार पर संघ की पसंद संबंधी सवाल पर वैद्य ने कहा कि इस बारे में जो जनता का मत है वही संघ का मत है।
संघ ने अपनी राय से भाजपा को अवगत करा दिया है। अब यह भाजपा को तय करना है कि वह कब इसकी घोषणा करता है। उन्होंने बताया कि भाजपा और संघ की दो दिवसीय बैठक में आर्थिक, सामाजिक और राजनीतिक मसलों पर चर्चा होगी।
वर्तमान राजनीतिक परिस्थितियों के मद्देनजर अक्तूबर में होने वाली इस बैठक को समय से पहले सितंबर महीने में ही बुला लिया गया है।