रिजर्व बैंक के गवर्नर रघुराम राजन ने सरकार की कृषि ऋण माफी योजनाओं पर सवाल उठाते हुए कहा है कि इससे किसानों को कर्ज देने का कार्यक्रम बाधित हुआ है। भारतीय आर्थिक संघ के वार्षिक सम्मेलन में राजन ने कहा कि कुछ राज्यों में कई अवसरों पर कर्ज माफ किया गया।
लेकिन हमारे पास जो सर्वे हैं, उनसे साफ है कि इस तरह की योजनाएं कारगर साबित नहीं हुईं। सच्चाई यह है कि इन योजनाओं के कारण बाद में किसानों को कर्ज देने की प्रक्रिया बाधित हुई है।
किसानों के आत्महत्या किए जाने के मसले पर राजन ने कहा कि इस महत्वपूर्ण और संवेदनशील मुद्दे की गहराई से अध्ययन किए जाने की आवश्यकता है।
आरबीआई के गवर्नर ने कहा कि एक अहम सवाल यह है कि कृषि क्षेत्र में कर्ज बोझ से हम कैसे निपट सकते हैं। साथ ही किसानों की आत्महत्या जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे पर गौर किया जाना चाहिए।