फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

महात्मा गांधी की धरोहर को रेलवे ने कराया ध्वस्त

Tue, 16 Oct 2012 01:42 PM IST
इलाहाबाद/ब्यूरो
विज्ञापन
विज्ञापन
राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की धरोहर को उत्तर मध्य रेलवे के अफसर सहेज नहीं सके। अंतरराष्ट्रीय स्तर की इस धरोहर को सहेजने के बजाए रेलवे ने उसे ध्वस्त करा दिया। इलाहाबाद जंक्शन के सिविल लाइंस सरकुलेटिंग एरिया में गांधीजी की अस्थियों के संगम में प्रवाहित करने से जुड़ा एक शिलापट्ट पिछले तीन दिनों से गायब है। रेलवे के अफसरों को भी इसकी जानकारी नहीं है। सोमवार को यह मुद्दा उठने पर सक्रिय हुए अफसरों ने दावा किया कि कार्य पूरा होने के बाद संबंधित स्थल को और बेहतर बनाया जाएगा। फिलहाल, शिलापट्ट कहां है? यह बताने वाला कोई नहीं है।
विज्ञापन

 
महाकुंभ के मद्देनजर रेलवे इलाहाबाद जंक्शन के सरकुलेटिंग एरिया का भी सुंदरीकरण करा रहा है। इसी योजना में सिविल लाइंस सरकुलेटिंग एरिया में स्थित पार्क को भी हटा दिया गया। इसी पार्क के एक हिस्से में गांधीजी से जुड़ा शिलापट्ट वर्षों पहले लगाया गया था। रेलवे के ज्यादातर अफसर इस ऐतिहासिक धरोहर के बारे में जानते भी नहीं हैं। अफसर यह बताने तक की स्थिति में नहीं हैं कि शिलापट्ट कब लगा और किसने लगवाया? रेलवे के ठेकेदारों ने तीन दिन पहले शिलापट्ट को ध्वस्त करा दिया।

इसी स्थान पर रखा गया था अस्थि कलश
बताते हैं कि जिस स्थान पर शिलापट्ट लगाया गया था वहां 11 फरवरी, 1948 (रेलवे रिकार्ड के मुताबिक) को गांधी जी का अस्थि कलश रखा गया था। पंडित जवाहर लाल नेहरू ने इसी स्थान से लोगों को संबोधित किया था। इसके बाद रेलवे ने ही शिलापट्ट लगवाया। इसमें अस्थि कलश के इलाहाबाद लाए जाने की पूरी जानकारी दी गई थी।
विज्ञापन


रेलवे के अफसर हैं अनजान
इस ऐतिहासिक स्थान के महत्व से रेलवे के अफसर भी अनजान हैं। उन्हें इसकी जानकारी तक नहीं है कि  राष्ट्रपिता गांधीजी के अस्थि कलश इसी स्थान पर रखे गए थे। वजह, वर्ष 2012 के शुरुआती दिनों में उत्तर मध्य रेलवे ने कॉफी टेबल बुक का प्रकाशन किया। इसमें रेलवे के विकास और उससे जुड़ी घटनाओं का जिक्र किया गया है। अस्थि कलश लेकर दिल्ली से इलाहाबाद तक आई स्पेशल ट्रेन की जानकारी भी दी गई है, लेकिन इस स्थान के बारे में इस पुस्तक में कोई जानकारी नहीं है। रेलवे के अफसर भी इस भूल को मानते हैं।
विज्ञापन


‘सिविल लाइंस सरकुलेटिंग एरिया का सुंदरीकरण किया जा रहा है। शिलापट्ट हटाया गया है। कार्य पूरा होने के बाद शिलापट्ट को दुबारा लगा दिया जाएगा।’
संदीप माथुर, सीपीआरओ, एनसीआर
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें