सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी के नागरिकता विवाद संबंधी याचिका को खारिज कर दिया है। याचिका में इस मामले की सीबीआई जांच कराने की गुहार की गई थी। शीर्ष अदालत ने उस दस्तावेजों की प्रामणिकता पर सवाल खड़ा किया जिसमें कथित तौर पर राहुल गांधी ने ब्रिटिश नागरिकता होने की बात कही गई है।
चीफ जस्टिस एचएल दत्तू की अध्यक्षता वाली पीठ ने वकील एमएल शर्मा द्वारा दाखिल इस याचिका को फालतू करार देते हुए कहा कि जनहित याचिका किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं दायर की जाती। पीठ ने याचिकाकर्ता वकील पर सवालों की झड़ी लगा दी। पीठ ने कहा कि आप राष्ट्रपति के पास प्रतिनिधिमंडल लेकर कैसे गए? आपको ये दस्तावेज कहां से मिले? आप सीबीआई के पास क्यों गए, यह गलत प्रक्रिया है।
पीठ ने कहा कि अगर किसी सांसद ने गलत शपथपत्र दिया है तो आपको चुनाव आयोग के पास जाना चाहिए था। एमएल शर्मा ने दावा किया कि राहुल गांधी ने यूनाइटेड किंग्डम में रजिस्ट्रार ऑफ कंपनीज के समक्ष कंपनी के दस्तावेजों में खुद को ब्रिटिश नागरिक बताया था।