असम में बोडोलैंड की मांग को लेकर हिंसक प्रदर्शन तीसरे दिन भी जारी रहे।
तेलंगाना की तर्ज पर अलग राज्य की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे लोगों ने कांग्रेस के एक सांसद के घर और रबर एस्टेट को आग के हवाले कर दिया।
इस बीच कार्बी आंगलोंग जिले में प्रदर्शनकारियों को तितरबितर करने के लिए पुलिस ने गोलियां चलाईं, जिसमें चार लोग घायल हो गए।
शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए शुक्रवार को सेना ने जिले में फ्लैग मार्च भी किया। 12 घंटे के रेल रोको आह्वान के चलते ऊपरी और निचले असम के बीच ट्रेन सेवाएं बाधित रहीं।
प्रदर्शनकारियों ने दीफू-लूमडिंग सेक्शन में 6 किलोमीटर लंबा रेलवे ट्रैक ही उखाड़ दिया। हालांकि बाद में ट्रैक को ठीक कर दिया गया।
सूत्रों ने बताया कि कांग्रेस सांसद बीरेन सिंह इंगती के दीफू से 7 किमी दूर स्थित घर और रबर गार्डन को शरारती तत्वों ने आग लगा दी और कई पेड़ों को काट डाला।
हालांकि इसमें कोई जनहानि नहीं हुई क्योंकि घटना के वक्त सांसद के घर में कोई मौजूद नहीं था। बीरेन सिंह स्वायत्त हिल जिला लोकसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं।
हिंसाग्रस्त कार्बी आंगलोंग जिले में प्रदर्शनकारियों को तितरबितर करने के लिए पुलिस ने फायरिंग की, जिसमें चार लोग घायल हुए। घायलों में से दो की हालत गंभीर बनी हुई है।
हामरेम सब डिवीजन के तहत आने वाले डोंकमाकोम स्थित पुलिस आउटपोस्ट को लोगों ने तहस नहस कर दिया और गिरफ्तार सात युवकों की रिहाई की मांग को लेकर पुलिसकर्मियों पर हमला किया।
कार्बी आंगलोंग स्वायत्त परिषद की बस और पब्लिक वर्क्स डिपार्टमेंट के निरीक्षण बंगला को आग के हवाले कर दिया और होवराघाट स्थित कांग्रेस पार्टी के कार्यालय को फूंकने की कोशिश की।
गोरखालैंड की मांग, दार्जिलिंग में प्रदर्शन
अलग तेलंगाना के गठन के बाद गोरखालैंड की मांग तेज होती जा रही है। अलग राज्य की मांग पर दबाव बनाने के लिए गोरखा जनमुक्ति मोर्चा (जीजेएम) ने शनिवार से अनिश्चितकालीन बंद का आह्वान किया है।
इस बीच अज्ञात व्यक्ति ने एक होमगार्ड को आग के हवाले कर दिया। तकधा स्थित वन विभाग के बंगले को बृहस्पतिवार रात आग लगा दी। इस बंगले में 9 जनवरी को अपने दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ठहरी थीं।