महाराष्ट्र के नक्सल प्रभावित जिले गढ़चिरौली में चीनी प्रवासियों की संख्या बढ़ रही है जबकि राज्य के तटीय रायगढ़ में बसने वाले विदेशियों में कोरियाई नागरिक शीर्ष पर हैं। इसका खुलासा एक आरटीआई से हुआ है। यह आरटीआई भाजपा नेता और पूर्व एमएलसी संजय केलकर ने डाली थी।
केलकर ने बताया कि रायगढ़ जिले में वर्ष 2005 से अब तक करीब 700 विदेशी नागरिक रह रहे थे। इनमें 211 कोरियाई, 204 पाकिस्तानी और 116 चीनी नागरिक हैं। उन्होंने बताया कि यह जानकारी रायगढ़ पुलिस ने आरटीआई के तहत उपलब्ध कराई है।
रायगढ़ जिले के शेखादी बंदरगाह का इस्तेमाल हथियारों और विस्फोटकों को उतारने में किया गया था। इन विस्फोटकों और हथियारों का इस्तेमाल 1993 के मुंबई सीरियल बम धमाकों में हुआ था। आरटीआई के हवाले से केलकर ने कहा कि 2011 से 108 चीनी प्रवासी नक्सल प्रभावित गढ़चिरौली जिले में रह रहे हैं जबकि वर्धा जिले में यह संख्या 60 है। उस्मानाबाद जिले में रह रहे विदेशियों में पाकिस्तानी शीर्ष पर हैं। 2004 में यहां 14 पाक नागरिक थे जबकि 2006 में यह संख्या बढ़कर 31 और 2007 में 40 तक पहुंच गई लेकिन 2012 में यह संख्या घटकर 6 पर पहुंच गई।
केलकर ने कहा कि उन्होंने विभिन्न जिलों के पुलिस प्रमुखों को उनके अधिकार क्षेत्र में रह रहे प्रवासियों की संख्या बताने के लिए आरटीआई आवेदन दिया था। कुछ जिला प्रमुखों ने आरटीआई एक्ट की धाराओं का हवाला देकर इसकी जानकारी देने से मना कर दिया जबकि कुछ ने दी। उन्होंने आरोप लगाया कि यह राज्य के पुलिस विभाग में आपसी समन्वय की कमी को प्रदर्शित करता है।