सुप्रीम कोर्ट से चुनाव आयोग ने कहा है कि मतदान के लिए नई इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) तैयार कर ली गई हैं। इसमें कागज की पर्ची की व्यवस्था होगी।
आयोग ने कहा कि वोट की पुष्टि की रसीद के तंत्र को विकसित कर ट्रायल किया गया है। लेकिन पारदर्शिता के लिए उठाए गए कदमों में और सुधार की जरूरत है। आने वाले चुनावों में इस तंत्र को समुचित तौर पर विकसित कर प्रयोग में लाया जाएगा।
जस्टिस पी. सदाशिवम व जस्टिस रंजन गोगोई की पीठ ने आयोग को इस मसले पर हलफनामा दायर करने का निर्देश जारी करते हुए सुनवाई को 2 मई तक के लिए टाल दिया है।
सर्वोच्च अदालत में ईवीएम के जरिए मतदान में गड़बड़ी की आशंका जताई गई थी जिसमें कहा गया था कि अमेरिका और जापान सहित दुनिया के सभी विकसित देशों ने ईवीएम प्रणाली को ठुकरा दिया है। अदालत ने आयोग को इन दलीलों पर ईवीएम में मतदान की पुष्टि के लिए पर्ची की व्यवस्था पर विचार करने को कहा था।
आयोग ने कोर्ट में कहा कि नए ईवीएम में मतदान की पुष्टि के लिए पर्ची की व्यवस्था भी है। इसका ट्रायल भी किया गया है। कुछ संशोधनों के बाद ही इसे चुनावी प्रक्रिया में लाया जाएगा।
सर्वोच्च अदालत ने आयोग से कहा कि वह इस संबंध में विस्तृत हलफनामा दाखिल करे। इसके बाद अदालत इस मसले पर सुनवाई करेगी।