बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भूमि अधिग्रहण बिल के खिलाफ एक दिन के उपवास की घोषणा की है। इतना ही नहीं नीतीश ने अपने इस उपवास में राज्य भर के लोगों को शरीक होने का न्योता भी दिया है।
नीतीश कुमार ने बिहार की जनता से कहा है कि वो नरेंद्र मोदी की सरकार पर मौजूदा भूमि अधिग्रहण बिल को लेकर दबाव बनाएं। हालांकि नीतीश कुमार अपना उपवास कब रखेंगे इसकी तारीख की घोषणा उन्होंने अब तक नहीं की है।
पटना के गांधी मैदान में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए जदयू नेता नीतीश कुमार ने कहा, "मैं लोगों से आग्रह करता हूं कि भूमि अधिग्रहण संशोधन बिल के खिलाफ एक दिन के उपवास में मेरा साथ दें।"
नीतीश कुमार ने भूमि अधिग्रहण बिल को एक काला कानून करार दिया और कहा कि यह किसानों के हित में नहीं है। उन्होंने कहा कि वो और उनकी पार्टी इस काले कानून इस कानून का विरोध करेगी और मैं चाहता हूं कि पार्टी कार्यकर्ता और नेता किसानों को सुरक्षा देने के लिए इस बिल के खिलाफ एक अभियान शुरू करें।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए नीतीश कुमार ने कहा कि भाजपा और नरेंद्र मोदी ने लोकसभा के चुनाव में किसानों से खूब वोट पाए, लेकिन अब वो उनको भुला रहे हैं।