2014 से पहले लोकसभा चुनाव के आसार कम ही हैं लेकिन इसके नतीजों को लेकर कयासबाजियों दौर शुरू हो चुका है। संभावना जताई जा रही है कि अगर अभी चुनाव होते हैं तो विपक्ष में बैठा राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सत्ताधारी संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन पर भारी पड़ेगा।
इंडिया टुडे व एसी नील्सन के सर्वे के मुताबिक गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी को प्रधानमंत्री पद की दौड़ में सबसे आगे हैं और भाजपा उन्हें उम्मीदवार बनाती है तो उनका प्रधानमंत्री बनना तय हैं, जबकि राहुल गांधी इस रेस में मोदी के मुकाबले बहुत पीछे हैं। सर्वे में मोदी को 36 फीसदी वोटरों का समर्थन प्राप्त हुआ है, जबकि राहुल गांधी को 22 प्रतिशत वोट ही मिले हैं।
समाचार चैनल एबीपी न्यूज और एसी नील्सन द्वारा किए गए एक अन्य सर्वे में बताया गया है कि यदि आज चुनाव हुए तो 39 फीसदी लोग भाजपा और उसके सहयोगियों को सत्ता की कमान सौंपेंगे जबकि महज 22 फीसदी लोग ही कांग्रेस और उसके सहयोगियों को दोबारा सत्ता सौंपने के मूड में हैं।
भाजपा के पक्ष में वोटर
सर्वे में बताया गया है कि मतदाता फिलहाल कांग्रेस से सख्त नाराज हैं और उनका मूड पूरी तरह से भाजपा के पक्ष में है। यदि चुनाव हुए तो 36 फीसदी मतदाता भाजपा को वोट देंगे, जबकि कांग्रेस को महज 18 फीसदी वोट ही हासिल होंगे।
यह सर्वे इसी वर्ष 10 से 17 जनवरी के बीच देश के 28 शहरों में किया गया। इसमें लगभग नौ हजार मतदाताओं को शामिल किया गया। सर्वे में उत्तर भारत के आठ शहर शामिल थे, जिनमें दिल्ली, लुधियाना, जयपुर, लखनऊ, आगरा, चंडीगढ़, इलाहाबाद और पटियाला हैं।
दक्षिण भारत में यह चेन्नई, हैदराबाद, बैंगलोर, कोच्चि, मदुराई और विजयवाड़ा में किया गया। सर्वें में पूर्वी भारत के पांच शहरों कोलकाता, जमशेदपुर, पटना, भुवनेश्वर और गुवाहाटी को शामिल किया गया। पश्चिम भारत में यह नौ शहरों में किया गया, जिनमें इंदौर, मुंबई, भोपाल, अहमदाबाद, पुणे, रायपुर, कोल्हापुर, नागपुर और औरंगाबाद शामिल हैं।
कांग्रेस का गिरा ग्राफ
समाचार चैनल के मुताबिक, सर्वे में शामिल लोगों में 34 फीसदी लोगों ने पिछले लोकसभा चुनाव में भाजपा को वोट दिया था, जबकि 25 फीसदी लोगों ने कांग्रेस को वोट दिया था। लेकिन इन मतदातओं के बीच कांग्रेस का ग्राफ तेजी से गिरा है और 18 फीसदी ही उसके पक्ष में हैं।
सर्वे में बताया गया है कि मई, 2011 तक 30 फीसदी जनता यूपीए सरकार पर भरोसा करती थी, जबकि भाजपा को 23 फीसदी मतदाताओं का ही समर्थन था। लेकिन इसके बाद से अब तक पांच सर्वे किए गए और हर बार भाजपा कांग्रेस पर भारी पड़ी।
सर्वे के मुताबिक चुनाव के मुहाने पर खड़े इस देश में जहां यूपीए-2 के प्रति मतदाताओं में कोई रुचि नहीं है, वहीं भाजपा जनता की नब्ज पकड़ने में कामयाब हो रही है। सर्वे में बताया गया है कि यूपीए सरकार के दूसरे कार्यकाल और प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के कामकाज के प्रति लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
चुनावों का काउंटडाऊन शुरू
इस सर्वे के बाद एक बात तो तय हो गई है की 2014 लोकसभा चुनावों का काउंटडाऊन शुरू हो चुका है। कांग्रेस और भाजपा सहित सभी छोटे बड़े दल अपनी तैयारियों में जुट गए हैं। अब जबकि प्रधानमंत्री पद की रेस में नरेंद्र मोदी और राहुल गांधी के नाम प्रमुखता से उभर रहे हैं तो आप की क्या राय है।
प्रधानमंत्री पद के लिए नरेंद्र मोदी ओर राहुल गांधी में कौन है योग्य और क्यों?