भारतीय जनता पार्टी के पीएम पद के उम्मीदवार नरेंद्र मादी ने यूपीए सरकार को नौजवानों से किए गए वादे न निभाने के लिए आड़े हाथों लिया।
गुजरात के गांधी नगर में रोजगार विभाग की विकास की योजनाओं का शुभांरभ करते उन्होंने कहा कि पिछले आम चुनाव के दौरान यूपीए सरकार ने दस लाख युवकों को उनके हुनर के विकास का वादा किया था। लेकिन असलियत में ये आंकड़ा केवल अठ्ठारह हजार ही पहुंच पाया है।
मोदी ने यूपीए की तरफ से किए गए वादों की याद दिलाते हुए कहा कि केंद्र सरकार ने नौजवानों से पिछले बजट में एक हजार करोड़ रुपए के हुनर विकास की योजनाओं की बात कही थी।
मोदी ने इस मौके पर ये भी कहा कि कुछ दिनों बाद ही आम चुनावों की चुनावी आचार संहिता लागू हो जाने से यूपीए को अपने वादों से बचने का बहाना मिल जाएगा।
इस दौरान मोदी ने चुटकी लेते हुए कहा कि उनके बयानों पर कुछ लोगों की नींदें उड़ जाती हैं, लेकिन वो ये नहीं जानते कि उन लोगों की वजह से पूरे देश की नींद हराम हो गई हैं। मोदी ने जोड़ा कि जब वो सच्चाई बोलते हैं तो उन लोगों को बुरा लगता है।
मोदी ने कहा कि आज चीन जैसा देश रोजगार के मामले में काफी आगे निकल चुका है। लेकिन इसके उलट भारत जैसा नौजवान देश रोजगार के विश्व पटल पर कहीं भी नहीं है।
लेकिन बीजेपी के पास देश की युवा पीढ़ी के विकास के लिए एक रणनीति है। जनता को उन्होंने गुजरात में रोजगार के क्षेत्र में किए गए कामों की याद दिलाई।
आखिर में मोदी ये भी कहना नहीं भूले कि गुजरात के विकास मॉडल को केंद्र सरकार ने न सिर्फ सराहा है बल्कि सम्मानित भी किया है।