मुंबई का कमाठीपुरा भारत के सबसे पुराने और एशिया के सबसे बड़े रेड लाइट जिले के रुप में जाना जाता है। इन गुमनाम गलियों मे रहने वाली 12 लड़कियों को इस मजबूरी भरे पेशे से खुद को दूर करने का एक अदद मौका मिला है। ये लड़किया अब अमेरिका में अपनी अद्भुत प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगी।
सेक्स वर्कर्स और तस्करी की गुनाह में जकड़े परिवारों की लड़कियों को सशक्त और शिक्षित करने वाली एक गैर सरकारी संस्था क्रांति ने यह अद्भुत पहल की है। इस संस्था के योगदान के चलते ही ये 12 लड़कियां मई के महीने में अमेरिका में लाल बत्ती एक्सप्रेस नामक एक नाटक का मंचन करेंगी।
करीब एक घंटे के इस नाटक में यह दिखाया जाएगा कि सेक्स वर्कर्स और उनके बच्चे किन मुसीबतों और दर्द के बीच जिंदगी को जीने की जद्दोजहद करती हैं। यह नाटक इस पेशे से जुड़ी एक लड़की के सच्चे अनुभवों पर आधारित है।
14 से 19 साल के बीच की ये सभी लड़कियां न्यूयॉर्क, वाशिंगटन, लॉस वेगॉस, शिकागो और सैन फ्रांसिस्को में अपने नाटक का मंचन करेंगी।
गौरतलब है कि सेक्स वर्कर्स के बच्चों को स्कूल में एडमिशन के वक्त काफी मुश्किलें आती हैं, लेकिन क्रांति के अथक प्रयासों के बाद अब कमाठीपुरा की लड़कियों ने भी भविष्य के उज्जवल सपने देखना शुरू कर दिया है।