केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने आरोप लगाया है कि कांग्रेस हाईकमान ने पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को कोल ब्लॉक की नीलामी नहीं करने दी और अब वह अपनी पार्टी के ‘पापों’ का दंड भुगत रहे हैं।
उन्होंने रविवार को कहा, ‘आखिर क्यों मनमोहन इस मुसीबत में फंसे हैं? क्योंकि कांग्रेस की प्रक्रिया पारदर्शी नहीं थी। मैं कभी-कभी मनमोहन सिंह के लिए दया महसूस करता हूं क्योंकि वह कोयला खानों के लिए नीलामी की प्रक्रिया अपनाना चाहते थे। लेकिन उनमें ऐसा कहने का साहस नहीं था।’
वरिष्ठ भाजपा नेता ने इस बारे में पत्रकारों के सवाल के जवाब में कहा कि ‘ये कांग्रेस के पाप थे। कांग्रेस सिफारिशी चिट्ठियां भेजकर बता रही थी कि किन लोगों को कोयला ब्लॉक आवंटित किए जाने हैं।’
जावड़ेकर के मुताबिक, ‘यह नहीं कहा जा सकता कि मनमोहन अपराधी नहीं हैं। आप ऐसी जगह बैठे थे, जहां सत्ता आपके हाथ में थी लेकिन आपने अपनी शक्ति का इस्तेमाल नहीं किया और यह भी अपराध है। उन्हें अपने अधिकारों का इस्तेमाल करना चाहिए था।’