एक महिला ने डॉक्टर की सलाह पर अपना ऑपरेशन करवाया लेकिन डॉक्टर की लापरवाही महिला की जान पर बन आई। मामला गुजरात के अहमदाबाद का है जहां डॉक्टर वंदना अमीन के पास मीताबेन पटेल उनके गर्भाशय से रक्तस्राव होने की शिकायत लेकर आईं।डॉक्टर वंदना ने उन्हें गर्भाशय निकलवाने और ऑपरेशन की सलाह दी। जिसे मानते हुए मीताबेन ने अक्टूबर 2002 में अपनी सर्जरी कराई। लेकिन डॉक्टर ने उनके पेट में कॉटन छोड़ दिया जिससे खून और अन्य दूषित अवशेषों को साफ किया जाता है।
सर्जरी के बाद मीताबेन को दूसरी दिक्कत शुरू हो गई। सोनोग्राफी रिपोर्ट में पता चला कि उनके शरीर किसी तरह का गाज मौजूद है। इस दौरान ये भी पाया गया कि वो उनके आंत से भी जुड़ा हुआ है। मीताबेन को एक और सर्जरी से गुजरी तब जाकर वो कॉटन उनके पेट से एक साल बाद निकाला जा सका ।2003 में मीताबेन ने उपभोक्ता अदालत सूरत में गईं और 10 लाख रूपये मुआवजे की मांग की।