देश भर में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी को लेकर एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विपक्षियों के निशाने पर हैं। अब पीएम मोदी से पूछा जा रहा है कि उनका नसीब कहा गया?
राष्टीय जनता दल के प्रमुख लालू प्रसाद यादव ने ट्वीट करके चुटकी लेते हुए पीएम मोदी पर निशाना साधा है। लालू यादव ने ट्वीट करके लिखते हुए कहा है कि भूंकप से भी ज्यादा झटका दिया मोदी सरकार ने-पेट्रोल और डीजल के दामों में बेतहाशा बढ़ोतरी। नसीब कहाँ गया? तेल लेने...
गौरतलब है कि अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत बढ़ने और डॉलर की तुलना में रुपए की कीमत में गिरावट होने के चलते देश में पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ गए। गुरुवार आधी रात से पेट्रोल 3.96 रुपए और डीजल 2.37 रुपए प्रति लीटर महंगा हो गया।
पेट्रोल और डीजल के दामों में बढ़ोतरी या गिरावट का किसी भी देश के प्रधानमंत्री के नसीब से कतई संबंध नहीं होता। कम से कम अर्थशास्त्री ऐसा दावा तो करते ही हैं। हालांकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले वर्ष पेट्रोल और डीजल के दामों में लगातार हुई कमी को अपने नसीब से जोड़ दिया था।
भूंकप से भी ज्यादा झटका दिया मोदी सरकार ने - पेट्रोल और डीजल के दामों में बेतहाशा बढ़ोतरी। नसीब कहाँ गया? तेल लेने.. https://t.co/EnAfDtgQUx— Lalu Prasad Yadav (@laluprasadrjd) April 30, 2015
'मोदी नसीब वाला'
दिल्ली विधानसभा चुनावों में एक रैली में उन्होंने कहा था कि अगर पेट्रोल और डीजल के दाम उनके नसीब से गिरे हैं तो फिर जनता को बदनसीब क्यों चाहिए? नरेंद्र मोदी ने पिछले वर्ष 26 मई को कमान संभाली थी। एक वेबसाइट के मुताबिक, उसके बाद से पेट्रोल के दामों में तकरीबन 13 बार गिरावट हुई और 6 बार बढ़ोतरी। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उथपुथल के कारण ये तब्दीली होती रही।
हालांकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पेट्रोलियम पदार्थों के दामों में गिरावट का श्रेय लेने से नहीं चूके। दिल्ली विधानसभा चुनावों में द्वारका में हुई एक रैली में उन्होंने भीड़ से पूछा, 'डीजल और पेट्रोल के दाम कम हुए हैं या नहीं? आपकी जेब में पैसा बचने लगा की नहीं?'
भीड़ ने जब उन्हें हां जवाब में दिया तो वे बोले, 'अब हमारे विरोधी लोग कहते हैं कि क्योंकि मोदी नसीब वाला है, इसलिए ऐसा हो रहा है तो भाई अगर मोदी का नसीब देश की जनता के काम आता है तो इससे बढ़िया नसीब की बात क्या हो सकती है? आपको नसीब वाला चाहिए या बदनसीब?'
गुरुवार को पेट्रोल में दामों में 3.96 रुपए की बढ़ोतरी हुई। केंद्र में मोदी सरकार आने के बाद से ये सबसे बड़ी बढ़ोतरी है, जबकि सबसे बड़ी गिरावट 2.42 रुपए की थी। सवाल उठना लाजिमी है कि पेट्रोल या डीजल के दामों में गिरावट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोद के नसीब से हुई तो बढ़ोतरी का ठीकरा किसकी बदनसीबी पर फोड़ा जाए?