कर्नाटक में भाजपा सरकार पर एक बार फिर संकट में घिरती दिख रही है। राज्य सरकार के दो मंत्रियों सीएम उदासी और शोभा करंदलाजे ने अपने पदों से इस्तीफा दे दिया है।
ये मंत्री पूर्व पूर्व मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा के समर्थक हैं। उदासी और करंदलाजे ने पहले ही इस्तीफा देने का संकेत दे दिया था।
वहीं, राजधानी बंगलौर में येदियुरप्पा समर्थक मंत्रियों और विधायकों की बैठक हो रही है। खबर है कि इसके बाद भाजपा के कुछ विधायक भी इस्तीफा दे सकते हैं।
मंगलवार को एक बयान में येदियुरप्पा की समर्थक ऊर्जा मंत्री शोभा ने कहा, ‘पिछले ढाई साल में ऊर्जा मंत्री के तौर पर अपने काम से मैं संतुष्ट हूं। मैं विभाग छोड़ रही हूं। उम्मीदों के अनुरूप कार्यालय में यह मेरा आखिरी दिन है।’
अब वह विधानसभा चुनाव से पहले कर्नाटक जनता पार्टी (केजेपी) की गतिविधियों का समर्थन करेंगी। शोभा ने आखिरी दिन ऊर्जा विभाग के अधिकारियों के प्रति आभार व्यक्त किया। शोभा ने महिलाओं की सुरक्षा के मुद्दे पर अपनी ही सरकार को कटघरे में खड़ा कर दिया था।
वहीं, पीडब्ल्यूडी मंत्री सीएम उदासी ने भी मंगलवार को ही इस्तीफा देने का संकेत दिया था। इनके अलावा विधायक बीपी हरीश भी आज इस्तीफा दे सकत है। सूत्रों की मानें तो 15 से 20 विधायक स्पीकर केजी बोपय्या को अपना इस्तीफा सौंप सकते हैं।