लोकसभा चुनाव का जश्न धीरे-धीरे खत्म हो रहा है। विजय जुलूस की धूल भी बैठने लगी है। नरेंद्र मोदी दिल्ली में जम गए हैं, अगले तीन या चार दिनों में शपथग्रहण की संभावना है।
उत्सव के माहौल में भी नरेंद्र मोदी की पत्नी जसोदाबेन नदारद हैं। हालांकि, अखबारों के जरिए उनकी एक इच्छा जरूर सामने आई है।
जसोदाबेन की कामना है कि वह बार नरेंद्र मोदी के साथ उत्तरी गुजरात स्थित अंबाजी शक्तिपीठ में पूजा अर्चना करें।
उन्होंने यह भी कहा है कि नरेंद्र मोदी तैयार हों तो ही वह अंबाजी की यात्रा करेंगी।
मोदी ने नामांकन में बताया जसोदाबेन को पत्नी
नरेंद्र मोदी ने जब वडोदरा से नामांकन भरा था, तब जसोदाबेन को अपनी पत्नी बताया। दुनिया के सामने नरेंद्र मोदी का ये पहला कूबुलनामा था, हालांकि अंदरखाने में ये सुगबुगाहट बार-बार होती रही कि नरेंद्र मोदी शादीशुदा हैं।
नरेंद मोदी ने लोकसभा चुनाव से पहले चार बार विधानसभा चुनाव लड़ा, लेकिन पत्नी के मुद्दे पर हमेशा चुप्पी साधे रखी। जबकि जसोदाबेन ने नरेंद्र मोदी के लिए चार दशकों तक व्रत रखा। उन्होंने चावल और चावल की बनी चीजें नहीं खाई।
जसोदाबेन के भाई अशोक मोदी ने बताया कि, जसोदा ने अपने पति से दोबारा मिलने की इच्छा में 40 सालों से चावल खाना छोड़ दिया है।
मीडिया से अब तक बचती रहीं हैं जसोदाबेन
उन्होंने बताया कि, हम सभी को नरेंद्र मोदी की क्षमता पर पूरा भरोसा है। हमें नहीं लगता मोदी की सफलता के लिए मन्नत मांगने की आवश्यकता है। लेकिन अगर वे तैयार हों तो जसोदा एक बार उनके साथ अंबाजी पूजाअर्चना के लिए जाएंगी।
मोदी के कूबुलनामे के बाद भी जसोदाबेन मीडिया से बचती रहीं। पहली बार वे 30 अप्रैल को सामने आई थीं, उस दिन गुजरात में मतदान था। जसोदा अपने घर से वोट देने के लिए निकलीं थी।
उस समय उनके भाई ने बताया कि जसोदाबेन चार धाम की यात्रा पर गई हैं। खबर ये भी आई कि गुजरात पुलिस की सुरक्षा में ऋषिकेश स्थित बाबा रामदेव के आश्रम में छुपाया गया है।
फिर तीर्थयात्रा पर निकली हैं जसोदाबेन
16 मई को मोदी की जीत की बाद जसोदाबेन से संपर्क का प्रयास किया गया, तब भी उनके भाई ने बताया कि वे तीर्थ यात्रा पर गई हैं। अशोक ने बताया, 'मुझे नहीं पता कि इस समय वो कहां है लेकिन वे तीर्थयात्रा पर निकली हैं।'
उन्होंने बताया कि वे 8 मई से ही तीर्थ यात्रा पर हैं। पिछले हफ्ते उनसे बात हुई थी, तब वह गांगसागर में थीं। हमें यह नहीं पता इस समय वे कहां है?
अशोक मोदी ने बताया,'जशोदाबेन लोकसभा चुनाव में भाजपा के बहुमत के लिए प्रार्थना कर रही थीं। उन्हें भरोसा था कि नरेंद्र मोदी को 272 से ज्याद सीटें मिलेंगी।'