इटली के नौसैनिकों को भारत वापस भेजने से इंकार के बाद भारत ने इटली के खिलाफ कड़ा रुख अपना लिया है। सूत्रों के मुताबिक भारत इटली के राजदूत को दिल्ली से वापस भेज सकता है।
इटली के राजदूत डेनियल मैन्सिनी ने ही सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दिया था कि नौसैनिक जरूर वापस आएंगे। विदेश मंत्रालय ने मंगलवार को राजदूत को तलब कर इस मुद्दे पर कड़ा ऐतराज जताया था।
भारत के विदेश सचिव रंजन मथाई ने कहा कि इटली ने नौसैनिकों को वापस भेजने का वादा किया था। केवल वादा ही नहीं, बल्कि दिल्ली स्थित इटली दूतावास ने सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा भी दिया था। उन्होंने कहा कि यह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
गौरतलब है कि पिछले साल फरवरी माह में इटली के नौसैनिकों ने केरल के कोल्लम में दो भारतीय मछुआरों की हत्या की थी। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने नौसैनिकों को चुनाव में मतदान करने के लिए 22 फरवरी को चार हफ्तों के लिए इटली जाने की इजाजत दी थी।
इसके बाद सोमवार रात इटली सरकार ने भारत को पत्र लिखकर जानकारी दी कि हमारे सैनिक अब भारत नही लौटेंगे और इस मामले में अंतरराष्ट्रीय मध्यस्था की जरूरत है।
भारत ने इटली सरकार का रुख खारिज करते हुए नौसैनिकों की वापसी की मांग की, ताकि उनके खिलाफ देश में ही हत्या का मामला चलाया जा सके।