मुंबई में एक लड़की के साथ बालात्कार के मामले में पुलिस ने 8 पुलिस कर्मियों के खिलाफ विभागीय जांच शुरू कर दी। बताते चलें कि इन 8 पुलिसकर्मियों पर आरोप है कि उन्होंने बलात्कार पीड़िता का केस दर्ज न ही किया और जबरन उसकी शादी, आरोपी के साथ कराना चाहते थे। इसमें 3 इंस्पेक्टर के साथ 1 सहायक पुलिस कर्मी भी शामिल है।
पुलिस पर आरोप है कि उन्होंने बालात्कार पीड़िता की एफआईआर दर्ज करने से मना कर दिया, और फिर व्यवसायी चंगेज मुल्तानी के कहने पर पुलिस ने पीड़िता को आरोपी के साथ शादी करने के लिए भी मजबूर किया।
यह मामला तब सामने आया, जब पीड़िता के पिता ने बॉम्बे हाईकोर्ट में याचिका दायर की। जिस पर न्यायालय ने स्थानीय पुलिस से मामला ले लिया और एसआईटी के गठन का आदेश दिया।