इंडियन मुजाहिदीन (आईएम) के फरार आतंकी अफजल उस्मानी को मुंबई पुलिस के एंटी टेररिस्ट स्क्वायड (एटीएस) ने एक बार फिर पकड़ लिया है।
उस्मानी को एटीएस ने नेपाल बॉर्डर के नजदीक रविवार की सुबह 3.30 बजे एक रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार किया। वहां से पुलिस उसे मुंबई लाई।
मुंबई एटीएस के प्रमुख राकेश मारिया ने सोमवार को मीडिया से बातचीत में उस्मानी की गिरफ्तारी की जानकारी दी। उस्मानी इस साल सितंबर में मुंबई की एक अदालत से दिनदहाड़े पुलिस को चमका देकर फरार हो गया था।
उस्मानी 2008 में अहमदाबाद और सूरत में बम विस्फोटों का आरोपी है। अहमदाबाद विस्फोटों में 56 लोग मारे गए थे। इन मामलों के अलावा भी उस पर कई अन्य मामले दर्ज हैं। उसे जब नवी मुंबई के तलोजा सेंट्रल जेल से आठ अन्य आरोपियों के साथ मुंबई के सत्र न्यायालय में लाया गया था, तो वह पुलिस से पेशाब करने का बहाना बना कर भाग निकला।
जब मारिया से पूछा गया कि मुंबई से बहराइच तक उस्मानी कैसे पहुंचा तो उन्होंने कहा कि वह मुंबई से सूरत भागा, वहां से मध्य प्रदेश के भोपाल, इंदौर और जबलपुर होते हुए बहराइच गया। उन्होंने बताया कि पुलिस ने जावेद को भी गिरफ्तार कर लिया है।
उसके बाद से मुंबई पुलिस उसकी तलाश में कई जगहों पर छापे मार रही थी। उस्मानी के उत्तर प्रदेश में होने की खबरें थीं और वहां भी कई जगहों पर छापे मारे गए थे। मारिया ने बताया कि 25 तारीख को उस्मानी का भांजा जावेद नुरुल्हा हुसैन खान मुंबई पुलिस के हाथ लगा।
उससे पूछताछ में मालूम हुआ कि उस्मानी उत्तर प्रदेश के बहराइच के एक गांव ततेरा में है। मुंबई पुलिस और एटीएस ने तत्काल बहराइच पुलिस की मदद ली। वहां पहुंच कर पुलिस ने ततेरा में छापा मारा, लेकिन तब तक उस्मानी वहां से निकल चुका था।
पुलिस को पता चला कि वह नेपाल फरार होने की फिराक में है। पुलिस ने पूरे इलाके में घेरा कस दिया और रविवार सुबह साढ़े तीन बजे, उसे नेपाल बॉर्डर के नजदीक रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार कर लिया गया।