फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भारत जल्द ही कोयले के आयात पर लगाएगा रोक: गोयल

विज्ञापन
विज्ञापन
भारत अब जल्द ही विदेशों से कोयले के आयात को बंद करने जा रहा है। देश खुद से अपनी ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में सक्षम है। इस बात की घोषणा ऊर्जा मंत्री पीयूष गोयल ने की है। अगर ऐसा होता है तो बिजली घरों में कोयले की कमी पुरानी बातें हो जाएंगी।
विज्ञापन


गोयल ने सोमवार को अपने बयान में कहा कि 2017 तक देश अपनी जरूरतों के मुताबिक कोयला का उत्पादन करने में सक्षम हो जाएगा जिसके बाद विदेशों से कोयला मंगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। उन्होंने यह भी कहा कि समुद्र के आस पास स्थित ऐसे बिजली घरों को भी कोयला पहुंचाया जाएगा जहां अब तक कोयला पहुंचाना काफी मुश्किल काम था। भारत समुद्री तटों के आसपास मौजूद कोयला बिजली घरों को जरूरी कोयला उपलब्ध कराने में सक्षम है।

उन्होंने कहा, 'हम अपने अगले चरण में इस बात की ओर ध्यान देंगे कि इन जगहों पर कोयले की मांग को पूरा किया जा सके। देश में बिजली पैदा करने के लिए सबसे ज्यादा कोयले का इस्तेमाल होता है और ऐसे बिजली घरों को आस-पास के इलाकों से कोयले का वितरण किया जाएगा।'
विज्ञापन

विज्ञापन

देश में बढ़ा कोयला उत्पादन

पिछले कुछ महीनों से कोयले के आयात में लगातार कमी देखी जा रही है। पिछले साल के अक्टूबर महीने की तुलना में इस साल इसमें 5.1 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई जो 14.6 करोड़ टन तक आ गया था।  घरेलू उत्पादन बढ़ने की वजह से सितंबर महीने में इसमें 27.16 फीसदी का गिरावट आई थी और आयात घटकर 12.6 करोड़ टन तक आ गया था।

भारत ने पिछले वित्तीय वर्ष में करीब 212 करोड़ टन कोयले का आयात किया था। इसके लिए देश को एक लाख करोड़ रुपये का भुगतान करना पड़ा था। अगले पांच सालो में सरकार ने करीब 150 करोड़ टन कोयले के उत्पादन का लक्ष्य तय किया है जो देश की मौजूदा जरूरतों को पूरा करेगा।

अमेरिका और चीन के बाद भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा कोयला उत्पादक देश है। भारत के पास कोयले का इतना बड़ा भंडार है कि वह इससे अगले 100 सालों तक देश की जरूरतों को पूरा कर सकता है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें