वित्त मामलों की कैबिनेट कमेटी ने राष्ट्रीय उच्चतर शिक्षा अभियान की महत्वाकांक्षी योजना को मंजूरी दे दी है। इसी के साथ राज्यों में विश्वविद्यालयों और कॉलेजों को आर्थिक मदद मुहैया कराने का अधिकार भी अब यूजीसी से छिनकर मानव संसाधन मंत्रालय के पास चला गया है।
रूसा के तहत मंत्रालय अब सीधे विश्वविद्यालयों के इन्फ्रास्ट्रक्चर विकास और अन्य कार्यों के लिए फंड देगा। मानव संसाधन राज्य मंत्री शशि थरूर ने बताया कि 12वीं और 13वीं पंचवर्षीय योजना के लिए रूसा योजना के तहत 98134 करोड़ रुपये मंजूर हुए हैं।
इस योजना के तहत अब मंत्रालय के अधीन गठित होने वाली रूसा मिशन अथॉरिटी 65:35 के अनुपात में राज्यों के विश्वविद्यालयों को मदद देगी। हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड को विशेष राज्य की श्रेणी में पूर्वोत्तर राज्यों की तरह 90 फीसदी केंद्रीय अनुदान मिलेगा।
थरूर के मुताबिक अगले आठ साल में इस योजना के तहत वर्तमान संस्थानों की क्षमता बढ़ाने के लिए देश भर में 278 नये राज्य स्तरीय विश्वविद्यलय और 388 कॉलेज खोले जाएंगे।
योजना के तहत 266 कालेजों को मॉडल डिग्री कॉलेजों में अपग्रेड किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यूजीसी उच्च शिक्षा की गुणवत्ता कायम रखने के लिए नियामक के तौर पर काम करती रहेगी।