केंद्र सरकार अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार रोकथाम) कानून में संशोधन करने पर विचार कर रही है। साथ ही सरकार की योजना इस कानून को प्रभावी रूप से लागू कराने की भी है।
इसके लिए गैर एससी या एसटी सरकारी कर्मियों के ड्यूटी में कोताही बरतने पर दंडित करने के प्रावधान पर विचार कर रही है।
सामाजिक न्याय और अधिकारिता राज्य मंत्री ने एक जवाब में कहा कि सभी पक्षों से सलाह मशविरा के आधार पर अत्याचार रोकथाम संशोधन के बारे में विचार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस संशोधन का लक्ष्य एससी और एसटी समुदाय को बेहतर न्याय दिलाना है।