तमाम बंदिशों के बावजूद दुनिया भर में लड़कियां पढ़ाई के मामले में लड़कों पर भारी पड़ रही हैं। बड़े पैमाने पर किए गए एक नए अध्ययन में यह बात सामने आई है।
इसके मुताबिक, 70 फीसदी देशों में लड़कियां शैक्षिक उपलब्धियों में लड़कों से आगे हैं। इनमें ऐसे देश भी शामिल हैँ, जहां महिलाओं की आजादी पर कड़ी पाबंदी है।
‘जर्नल’ इंटेलीजेंस में प्रकाशित अध्ययन में पाया गया कि सिर्फ कोलंबिया, कोस्टा रिका और भारत (हिमाचल प्रदेश) ऐसे तीन देश हैं, जहां लड़के पढ़ाई में लड़कियों से आगे हैं।
वहीं, अमेरिका और ब्रिटेन ऐसे देश हैं, जहां लड़के-लड़कियों की शैक्षिक उपलब्धियों में कोई अंतर नहीं पाया गया।
ग्लासगो और मिसौरी विश्वविद्यालयों के मनोवैज्ञानिकों द्वारा किए गए इस अध्ययन में सलाह दी गई है कि वैश्विक शिक्षा में जो अंतर है, उसे सिर्फ लैंगिक समानता से पाटा नहीं जा सकता है।
उनके मुताबिक, 15 साल की उम्र की लड़कियां गणित, विज्ञान जैसे विषयों में लड़कों से बेहतर हैं। इस अध्ययन के तहत 2000 से 2010 के बीच के प्रोग्राम फॉर इंटरनेशनल स्टूडेंट एसेसमेंट डेटा का इस्तेमाल कर दुनिया भर के 15 साल के 15 लाख बच्चों के शैक्षिक उपलब्धियों का निरीक्षण किया गया।
अध्ययनकर्ताओं ने पाया कि सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक समानता के उच्च स्तर वाले देश अब भी शैक्षिक उपलब्धियों के मामले में लैंगिक असमानता झेल रहे हैं।