यूपी संपर्क क्रांति एक्सप्रेस के डीजल इंजन में सोमवार को तड़के आग लगने से यात्रियों में अफरातफरी मच गई। गाड़ी को रोकने के बाद अग्निशमन यंत्रों से आग पर काबू पाने की कोशिश की गई, मगर सफलता नहीं मिल सकी।
बोगियों को आग से बचाने के लिए रनिंग स्टाफ ने यात्रियों की मदद से इंजन को बोगी से अलग किया और उसे धकेल कर करीब दो सौ मीटर आगे ले गए। बाद में दूसरे इंजन की मदद से ट्रेन को वापस ओरछा स्टेशन लाया गया।
ट्रक्शन मोटर के निचले हिस्से से लगी आग
हजरत निजामुद्दीन से मानिकपुर जाने वाली गाड़ी संख्या 122448/22248 अप उत्तर प्रदेश संपर्क क्रांति एक्सप्रेस सोमवार को तड़के करीब साढ़े तीन बजे झांसी से मऊरानीपुर की तरफ बढ़ रही थी।
ट्रेन में चालक महेश कुमार, सहायक चालक विजय व गार्ड राजेंद्र कुमार शर्मा तैनात थे। ट्रेन जब 3.38 बजे ओरछा से बरुआसागर के बीच थी, तभी चालक ने ट्रक्शन मोटर के निचले हिस्से से आग निकलती देखी।
खतरे को भांपते हुए चालक ने किलोमीटर नंबर 1143/4 पर ट्रेन को रोक दिया। आग का पता लगते ही गार्ड व अन्य कोचों के यात्री मौके पर पहुंच गए।
दस अग्निशमन यंत्र भी नहीं बुझा पाए आग
इसके बाद गार्ड बोगी, इंजन व एसी में रखे दस अग्निशमन यंत्रों से आग को बुझाने का प्रयास किया गया, मगर सफलता नहीं मिल सकी। अंधेरा होने के कारण भी कार्य प्रभावित हुआ।
आग बढ़ने पर इंजन के पीछे की दो जनरल बोगियों को खाली कराया गया, जिससे यात्रियों में अफरा तफरी मच गई। आग डीजल टैंक तक न पहुंचे, इस कारण इंजन को बंद कर दिया गया। किसी तरह कपलिंग खोल कर इंजन को पीछे लगी बोगी से अलग किया गया।
रनिंग स्टाफ के दिशा निर्देश पर यात्रियों ने कटे इंजन को धक्का लगाकर आगे की तरफ बढ़ाया। दो सौ मीटर तक इंजन को आगे ले जाने के बाद पत्थर लगाकर स्थिर किया गया।
हादसे की जांच के आदेश
इधर, घटना की खबर मिलने पर झांसी से दूसरा इंजन भेजा गया। इस इंजन की मदद से ट्रेन को पीछे की तरफ खींचकर ओरछा स्टेशन तक वापस लाया गया।
चूंकि, घटनास्थल पर फायर ब्रिगेड का पहुंचना संभव नहीं था, इस कारण झांसी से भेजे गए एक और इंजन की मदद से क्षतिग्रस्त इंजन नंबर 18869 को बरुआसागर स्टेशन तक ले जाया गया।
बरुआसागर पहुंचने पर फायर ब्रिगेड कर्मचारियों ने आग को बुझाया। हादसे के कारण सुबह सात बजे ट्रेन ओरछा स्टेशन से गंतव्य के लिए रवाना हो सकी। इससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। डीआरएम नवीन चोपड़ा ने हादसे की जांच के आदेश दिए हैं।
आठ दिन में हुई दूसरी घटना
ट्रेन में पिछले आठ दिन में आग लगने की यह दूसरी घटना है। इसके पूर्व 19 अप्रैल की रात 2.25 बजे झांसी-बीना रेल खंड पर बिजौली-खजराहा स्टेशनों के बीच गाड़ी संख्या 16032 अंडमान एक्सप्रेस के उच्च लगेज वैन में अचानक आग लग गई थी।
इससे लाखों रुपये का सामान जल कर नष्ट हो गया था। डीआरएम नवीन चोपड़ा के निर्देश पर गठित पांच सदस्यीय समिति हादसे के कारणों की जांच कर रही है।