कांग्रेस महासचिव दिग्विजय सिंह ने इंडिया अगेंस्ट करप्शन (आईएसी) के सदस्य अरविंद केजरीवाल की तुलना हिटलर से करने के बाद शनिवार को फिर उनको निशाने पर लिया। इस बार कांग्रेस महासचिव ने केजरीवाल से उनके सेवाकाल, एनजीओ और भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन के अलावा व्यक्तिगत जीवन से जुड़े 27 सवाल पूछे हैं।
दिग्विजय सिंह ने केजरीवाल से पूछा है कि क्या ये सच है कि 20 साल की आईआरएस की नौकरी के दौरान आपकी पोस्टिंग दिल्ली से बाहर नहीं हुई? क्या आपकी पत्नी का ट्रांसफर कभी दिल्ली से बाहर नहीं हुआ? आपने अपनी स्टडी लीव की रिपोर्ट सरकार को क्यों नहीं दी? क्या आप बिना इजाजत स्टडी लीव पर चले गए? क्या ये सच है कि चंडीगढ़ ट्रांसफर के बाद आपने वीआरएस लेने की कोशिश की?
उनके व्यक्तिगत जीवन से जुड़े सवालों के बाद उन्होंने एनजीओ और भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन से जुड़े सवाल पूछे हैं। उन्होंने केजरीवाल से जानना चाहा है कि क्या सरकारी नौकरी करते हुए आपने एनजीओ बनाने की इजाजत ली? क्या एनजीओ कबीर को फोर्ड फाउंडेशन से तकरीबन दो करोड़ रुपये मिले? क्या इस पैसे का इस्तेमाल भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन में हुआ? क्या आपने सरकारी नौकरी करते हुए विदेशी संस्था से पैसे लेने की इजाजत ली? आपके किसी वेबसाइट पर दानदाताओं के नाम क्यों नहीं?
क्या ये सच है कि आप दो करोड़ रुपये लेकर अन्ना के पास गए थे और अन्ना ने पैसे लेने से इनकार कर दिया? आपकी कोर कमेटी के एक सदस्य ने 20 करोड़ की धांधली का आरोप लगाया, आपने इसका जवाब क्यों नहीं दिया?
दिग्विजय सिंह ने भाजपा के खिलाफ भ्रष्टाचार की आवाज नहीं उठाने पर उनके मंशा पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने पूछा है कि आपने आजतक नरेंद्र मोदी के खिलाफ सवाल क्यों नहीं उठाए? कभी भाजपा शासित राज्यों में भ्रष्टाचार की बात क्यों नहीं की?
इतना ही नहीं, कांग्रस महासचिव ने अन्ना के ट्रस्ट पर उनके द्वारा सवाल नहीं उठाए जाने को भी मुद्दा बनाया है। उन्होंने पूछा है कि आपने कानून मंत्री के ट्रस्ट पर सवाल उठाए, लेकिन अन्ना के ट्रस्ट पर सवाल नहीं उठाए? मान लीजिए आपके आईएसी का सदस्य गड़बड़ी करता है तो आप जिम्मेदारी लेते हुए आईएसी से इस्तीफा देंगे?
गौरतलब है कि इससे पूर्व दिग्विजय सिंह ने केजरीवाल पर अपने हितों को साधने वाले महत्वाकांक्षी और अहंकारी व्यक्ति होने का आरोप लगाया था।