चलती बस में युवती से हुई दरिंदगी के खिलाफ सड़कों पर उतरे लोगों का गुस्सा भांपते हुए अब राजनीतिक दल भी कड़े तेवर दिखाने लगे हैं। भाजपा ने बलात्कार के दोषियों को मृत्युदंड की सजा देने के लिए कानून में संशोधन की मांग की है।
लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज ने प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह से बात कर इसके लिए संसद का विशेष सत्र बुलाने का आग्रह किया है। हालांकि सरकार ने विशेष सत्र बुलाने की मांग को नकार दिया है।
गृहमंत्री सुशील कुमार शिंदे ने कहा कि सरकार सुरक्षा से जुड़े तमाम उपाय और दूरगामी कदम उठा रही है। साथ ही संसद का सत्र एक दिन पहले ही खत्म हुआ है, इसलिए विशेष सत्र की जरूरत नहीं है। भाजपा ने युवती से हुई दरिंदगी के खिलाफ दिल्ली में एकजुट प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज की कड़ी निंदा की है।
पार्टी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी ने गृहमंत्री शिंदे से फोन पर बात की और उनसे प्रदर्शनकारियों के साथ संयम बरतने का आग्रह किया। भाजपा नेता ने कहा कि पुलिस आयुक्त को प्रदर्शनकारियों पर बल प्रयोग करने की जगह उनसे बात करनी चाहिए।
सुषमा ने ट्वीट किया है कि बलात्कारियों को मृत्युदंड देने के लिए कानून में संशोधन जरूरी है। उन्होंने कहा कि वह 18 दिसंबर को लोकसभा में यह मांग कर चुकी हैं। सुषमा के अनुसार प्रधानमंत्री ने इस सुझाव पर विचार करने का भरोसा दिया।
इससे पहले भाजपा प्रवक्ता रविशंकर प्रसाद ने भी प्रदर्शनकारियों पर पुलिस कार्रवाई की कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि सरकार को लाठी चार्ज करने की बजाए सुरक्षा के उपाय करने चाहिए। माकपा ने भी केंद्र सरकार से यही मांग की है और सरकार से जवाब मांगा है कि इस घटना के लिए कौन जिम्मेदार है। पोलित ब्यूरो ने कहा कि केंद्रीय गृहमंत्री व दिल्ली पुलिस आयुक्त ने जिम्मेदारी लेने से मना कर दिया है।