लोकसभा के बाद महाराष्ट्र और हरियाणा जैसे राज्यों को गंवाने वाली कांग्रेस हार की समीक्षा की बजाय एक बार फिर राहुल गांधी को बचाने में जुट गई है। साथ ही कांग्रेस ने पार्टी की कमान राहुल के बदले प्रियंका गांधी को देने की मांग को सिरे से नकार दिया है।
मालूम हो कि विधानसभा चुनावों के निराशाजनक परिणाम के बाद कांग्रेस के एक धड़े ने प्रियंका को आगे लाने की आवाज उठाई थी।
पार्टी प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने जोर देकर कहा कि प्रियंका गांधी ने खुद को रायबरेली और अमेठी लोकसभा सीटों तक सीमित कर रखा है। कांग्रेस की कोर कमेटी ने एक बार फिर से राहुल गांधी के नेतृत्व पर विश्वास जताया है।
उन्होंने कहा कि कुछ व्यक्तिगत लोगों के मन में कुछ असमंजस की स्थिति हो सकती है। लेकिन जहां तक कांग्रेसियों का सवाल है, उनके मन में इसे लेकर कोई संदेह नहीं है। हम सभी सोनिया और राहुल गांधी में ही अपना नेतृत्व देखते हैं और करोड़ों कांग्रेस कार्यकर्ताओं की इस भावना का सम्मान करना चाहिए।