चीन अपनी सेना पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) की ओर से लद्दाख के चुमार सेक्टर में की गई ताजा घुसपैठ को जायज ठहराने पर आमादा है।
बीजिंग ने अपने इस दुस्साहस का बचाव करते हुए दावा किया है कि उसके सैनिक ‘लाइन ऑफ ऐक्चुअल कंट्रोल’ (एलएसी) पर अपनी सीमा के भीतर गश्त लगा रहे थे। यही नहीं उसने जोर देकर कहा कि अंतिम समाधान तक वहां यथास्थिति बहाल रहनी चाहिए।
मीडिया द्वारा इस बाबत पूछे जाने पर चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता हुआ चुनयिंग ने कहा कि मैंने इससे संबंधित खबरें देखी हैं, लेकिन मुझे स्थिति की पूरी जानकारी नहीं है।
मालूम हो कि पिछले सप्ताह यह घटना रक्षा मंत्री एके एंटनी की चीन यात्रा से ठीक पहले हुई थी। बकौल चुनयिंग, चीनी सैनिक वास्तविक नियंत्रण रेखा पर अपनी सीमा के भीतर गश्त लगा रहे थे।
हुआ ने कहा कि सीमा क्षेत्र की वास्तविक स्थिति स्थिर है। दोनों पक्षों में इस बात की सहमति है कि सीमा मामले में अंतिम सहमति बनने तक दोनों पक्षों को इसमें बदलाव नहीं करना चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि किसी भी पक्ष द्वारा वहां ढांचागत विकास नहीं किया जाना चाहिए।
मालूम हो कि बीते 17 जून को पीपुल्स लिबरेशन आर्मी के जवान लद्दाख के चुमार सेक्टर से लगी सीमा पर भारतीय क्षेत्र में घुस आए थे।
इस दौरान उन्होंने न सिर्फ भारतीय बंकर तोड़े, बल्कि भारतीय सीमा चौकियों पर लगाए गए कैमरों के तार भी काट डाले और कैमरा भी उखाड़ ले गए।
बाद में फ्लैग मीटिंग के दौरान भारतीय अधिकारियों द्वारा कड़ी आपत्ति जताने के बाद उन्होंने कैमरा वापस किया।