भगवा आतंकवाद संबंधी बयान देने वाले गृह मंत्री सुशील कुमार शिंदे की मुश्किलें बढ़ गई हैं। उनके खिलाफ मानहानि, धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का मुकदमा चलाने के लिए याचिका दायर की गई है। अदालत ने शिकायतकर्ता के बयान दर्ज कर मामले की सुनवाई 13 फरवरी तक स्थगित कर दी है।
साकेत स्थित मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट अमिताभ रावत के समक्ष याची वेद प्रकाश ने अर्जी दायर की है। उन्होंने अदालत के समक्ष अपने बयान दर्ज करवाते हुए कहा कि गृह मंत्री शिंदे द्वारा जयपुर में कांग्रेस के चिंतन शिविर में भगवा आतंकवाद संबंधी दिया बयान काफी आपत्तिजनक है।
उन्होंने अदालत के समक्ष बयान संबंधी सीडी व विभिन्न समाचार पत्र पेश करते हुए कहा शिंदे के इस बयान से भारत के सभी हिंदुओं को काफी ठेस पहुंची है। उन्होंने कहा कि शिंदे का यह बयान भारत के लिए भी काफी परेशानी पैदा करने वाला है।
पाकिस्तान व आतंकी हफीज सैयद ने भी सवाल उठाया है कि भारत स्वयं अपने यहां आतंक फैला रहा है। उन्होंने कहा कि शिंदे के बयान से उन्हें गहरा आघात लगा है। अत: शिंदे के खिलाफ मानहानि, धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने व दंगा भड़काने के उद्देश्य से बयान देने का मुकदमा चलाया जाए।