भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं ने आज डासना टोल ब्रिज पर कब्जा कर इसे टोल फ्री करा दिया है। गौरतलब है कि कल भाकियू ने ब्रजघाट टोल पर कब्जा किया था और उसे टोल्ा फ्री करा दिया था।
भाकियू के नेता राकेश टिकैत ने कल ऐलान किया था कि उनके कार्यकर्ता अब रोज एक टोल पर कब्जा करेंगे और उसे फ्री कराएंगे।
शानिवार के भाकियू के कार्यकर्ताओं ने ब्रजघाट टोल प्लाजा पर कब्जा कर कर्मचारियों को दौड़ा दिया और टोल फ्री कर दिया।
कार्यकर्ताओं ने हाईवे-24 पर बेमियादी धरना शुरू कर दिया। डीएम ने एनएचएआई और यूनियन का पक्ष सुनने के बाद मानक पूरे न होने तक टोल प्लाजा फ्री करा दिया। डीएम ने एनएचएआई को 10 दिसंबर तक का समय दिया है।
स्याना रोड स्थित भाकियू जिला महासचिव दिनेश खेड़ा के आवास पर भाकियू की पंचायत में हुए निर्णय के बाद सैकड़ों कार्यकर्ता लाठी-डंडे से लैस होकर टोल प्लाजा पहुंचे।
गुस्साए कार्यकर्ताओं ने 11.55 बजे टोल प्लाजा के कर्मचारियों को खदेड़ दिया और केबिन-कंप्यूटर कक्ष में ताला लगा दिया। इसके बाद भाकियू कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए दिल्ली-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग-24 पर दौड़ रहे वाहनों को टोल फ्री कर दिया।
भाकियू कार्यकर्ताओं के पहुंचने से पूर्व डीएम चक्रपाणि यादव, एसडीएम केबी सिंह, डीएसपी बीके श्रीवास्तव पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए थे।
पुलिस-प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में ही भाकियू कार्यकर्ता एनएच-24 पर दो घंटे तक धरना पर बैठे रहे। वहीं से मेरठ भाकियू प्रवक्ता राकेश टिकैत से बात करने के बाद किसानों ने मांगे पूरी होने तक धरने पर बैठे रहने का ऐलान किया।
डीएम ने एनएचएआई के पीडी पूरण सिंह और टोल ठेकेदार के साथ-साथ भाकियू नेताओं से वार्ता की। डीएम ने शांति व्यवस्था बनाए रखने और मानक पूरे न किए जाने तक टोल प्लाजा को फ्री करने का आश्वासन दिया।
डीएम ने एनएचएआई को 10 दिसंबर तक मानक पूरे न होने पर टोल फ्री की अवधि बढ़ाने और रिपोर्ट दर्ज कराने की बात कही। उधर मेरठ में टिकैत ने ऐलान किया कि अब रोज एक टोल प्लाजा पर किसान कब्जा करेंगे और रविवार को डासना टोल की बारी है।