दो दिन पहले भाजपा के पीएम उम्मीदवार नरेंद्र मोदी को मनोरोगी करार देने वाले एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार ने कहा है कि आगामी चुनाव में भाजपा सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभर सकती है लेकिन एनडीए सरकार बनाने के जादुई आंकड़े से दूर रहेगा।
पवार ने कहा कि भाजपा पुराने प्रदर्शन में सुधार करती दिख रही है। आज की तारीख में भाजपा और कांग्रेस अधिकतर सीटें जीतने वाली पार्टी बनती दिख रही है। लेकिन भाजपा के बेहतर करने के बावजूद एनडीए संभवत: जादुई आंकड़ा हासिल नहीं कर सकेगा।
पवार के इस बयान से कांग्रेस के सामने असहज स्थिति पैदा हो सकती है। पवार ने यह भी दावा किया कि एनसीपी की भी स्थिति बेहतर होगी। उन्होंने मोदी पर हमला करते हुए कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी का कद उनसे काफी बड़ा था और उनके कार्यकाल में अल्पसंख्यक समुदाय सुरक्षित महसूस कर रहे थे।
मोदी पर कैसे भरोसा करें लोग: पवार
इससे पहले भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी पर लगातार तीखे हमले कर रहे एनसीपी प्रमुख और केंद्रीय कृषि मंत्री शरद पवार ने एक बार फिर उन पर जुबानी तीर छोड़े।
पवार ने बुधवार को कहा कि जो व्यक्ति गुजरात की राजधानी के पास जिंदा जलाए गए कांग्रेस सांसद के परिवार तक से नहीं मिला, उस पर भला लोग कैसे विश्वास करेंगे।
'भाजपा ने किया संविधान का अपमान'
रायगढ़ लोकसभा सीट में एनसीपी मंत्री सुनील तत्कारे के समर्थन में चुनावी रैली को संबोधित करते हुए पवार ने कहा, ‘जब मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे, कांग्रेस के एक सांसद को राज्य की राजधानी से महज 20 किमी दूर जिंदा जला दिया गया। मगर मुख्यमंत्री ने उनके परिवार तक से मिलने की जहमत नहीं उठाई। आखिर इस तरह का व्यक्ति देश के लिए कैसे अच्छा हो सकता है?’
उन्होंने कहा, ‘हमने बहुत सारे लोकसभा चुनाव देखे हैं, लेकिन नेहरू के काल से लेकर हमने कभी नहीं सुना कि चुनावों से पहले ही पीएम उम्मीदवार घोषित कर दिया जाए। मगर भाजपा ने तो चुनाव प्रक्रिया के ठीक ढंग से शुरू होने से पहले ही यह घोषणा कर दी। यह संविधान का अपमान है।’
कांग्रेस ने देश का आजाद कराया: पवार
पवार ने आगे कहा कि मोदी जहां भी जाते हैं, तो वह कहते हैं कि वह कांग्रेस मुक्त भारत चाहते हैं। जबकि कांग्रेस ही ऐसी पार्टी है, जिसने अंग्रेजों को भगाया था और देश को स्वतंत्र किया था।
उन्होंने कहा, ‘भाजपा नेताओं ने आखिरकार देश के लिए क्या कुर्बानी दी। या फिर इससे पहले जनसंघ ने क्या बलिदान दिए? हमें इन लोगों को सफल नहीं होने देना चाहिए।’
उन्होंने कहा कि खाद्य सुरक्षा बिल ने महाराष्ट्र में 7.3 करोड़ लोगों को लाभ पहुंचा। उधर, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री अशोक चव्हाण ने भी भरोसा जताया कि एनसीपी-कांग्रेस गठबंधन राज्य में सभी 48 सीटों पर जीत हासिल करेगा।