नरेंद्र मोदी अगली सरकार में प्रधानमंत्री बनेंगे, जबकि भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह गृह मंत्रालय का कार्यभार संभालेंगे।
यह कयास न तो किसी एग्जिट पोल के जरिये लगाया जा रहा है और न ही किसी ज्योतिष ने ऐसी भविष्यवाणी की है, बल्कि ऐसा कहना है सटोरियों का। सट्टा बाजार में मतदान के बाद मंत्रिमंडल के स्वरूप को लेकर अब तक करीब ढाई अरब का सट्टा लग चुका है।
दिल्ली में किसकी सरकार होगी, मंत्रिमंडल का स्वरूप क्या होगा, देश के दिग्गज राजनीतिज्ञ भले ही इस मुद्दे पर अभी कुछ बोल पाने की स्थिति में नहीं हैं। सभी को परिणाम का इंतजार है, लेकिन बनारस के सट्टेबाजों ने दिल्ली में सरकार बना दी है। यहां तक कि मंत्रिमंडल की रूपरेखा भी तय कर ली है।
मंत्रियों के नाम पर लगा करोड़ों का सट्टा
सटोरियों ने इस बात पर भी सट्टा लगाया है कि किस नेता को कौन सा मंत्रालय मिलेगा। विशेषकर प्रधानमंत्री, रक्षा मंत्री और वित्त मंत्री के नाम पर करोड़ों का सट्टा बुक किया जा चुका है।
बनारस में कौन जीतेगा, उसे कितने मतों से जीत मिलेगी; उत्तर प्रदेश में भाजपा, सपा और बसपा को कितनी सीटें मिलेंगी, इन पर भी सटोरियों ने दांव लगाए हैं।
एग्जिट पोल आने के बाद मंगलवार को सट्टा बाजार में जबरदस्त हलचल रही। दिल्ली में किसकी सरकार बनेगी, सिर्फ इसी बात पर सौ करोड़ का दांव लगाया गया है। सटोरियों ने सबसे ज्यादा भरोसा भाजपा पर जताया है।
मोदी की जीत पर पांच करोड़ का सट्टा
सटोरियों की मानें तो 50 करोड़ का सट्टा भाजपा के नेतृत्व में एनडीए की सरकार बनने पर लगाया गया है, जबकि कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूपीए गठबंधन पर 45 करोड़ रुपये का दांव लगा है।
पांच करोड़ रुपये तो सिर्फ इस मुद्दे पर लगाए गए हैं कि बनारस में नरेंद्र मोदी की जीत एक लाख या इससे अधिक मतों से होगी। बनारस का सांसद कौन बनेगा? इस पर तो मतदान से पहले ही 150 करोड़ से ज्यादा का सट्टा लग चुका है।
मंगलवार को सट्टा बाजार में रहा भाव
- एनडीए सरकार के लिए 75 पैसे पर एक रुपये
- यूपीए सरकार के लिए एक रुपये पर डेढ़ रुपये
- भाजपा को यूपी में 45 सीटों पर एक का डेढ़ रुपये