विधायकों की पिटाई के शिकार महाराष्ट्र पुलिस में एसआई सचिन सूर्यवंशी की मुश्किलें सोमवार को तब और बढ़ गईं जब उन्हें निलंबित कर दिया गया।
दिलचस्प बात यह है कि जेल में बंद इस मामले के कथित आरोपी विधायक राम कदम और क्षितिज ठाकुर को इसी दिन जमानत पर छोड़ दिया गया। सचिन को ठाकुर से अभद्र व्यवहार करने के चलते निलंबित किया गया है।
गृह मंत्री आरआर पाटिल ने विधानसभा में यह जानकारी दी। अदालत ने राम कदम और क्षितिज ठाकुर को 15,000 रुपये के निजी मुचलके पर रिहा किया। साथ ही कोर्ट ने दोनों को यह निर्देश भी दिया है कि जब तक इस मामले में जांच पूरी नहीं हो जाती तब तक उन्हें हर बुधवार को क्राइम ब्रांच के दफ्तर में हाजिरी लगानी होगी। दोनों को गत बृहस्पतिवार को गिरफ्तार किया गया था।
पाटिल ने कहा कि उन्होंने सचिन और ठाकुर के बीच 18 मार्च को बांद्रा-वर्ली सीलिंक पर हुई बहस की सीडी देखी है। पाटिल के अनुसार अभी तक की जांच में सूर्यवंशी का व्यवहार आपत्तिजनक पाया गया है। इसलिए उन्हें जांच पूरी होने तक निलंबित कर दिया गया है। उन्होंने साथ ही मामले की जांच के लिए पीडब्ल्यूपी के वरिष्ठ विधायक गणपतराव देशमुख की अगुआई में मामले की जांच के लिए एक समिति का भी गठन किया है।