नाबालिग छात्रा से दुराचार मामले में जोधपुर जिला एवं सत्र न्यायालय के समक्ष समर्पण करनेवाले दोनों सेवकों केयरटेकर शरद चंद्र व रसोइए प्रकाश को 28 सितंबर तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है।
पुलिस ने शनिवार को अदालत में पेश कर दस दिन की रिमांड मांगी थी। पुलिस की ओर से कहा गया कि मामले में मिले तथ्यों व साक्ष्यों की जांच के लिए अभियुक्तों को इंदौर, छिंदवाड़ा, दिल्ली व अहमदाबाद ले जाना पड़ेगा।
इस कारण दस दिन के लिए रिमांड पर पुलिस को सौंपा जाए। अदालत ने सात दिन की रिमांड ही स्वीकृत की। इधर, दोनों अभियुक्तों के वकीलों ने अदालत से मांग की कि आरोपियों को हथकड़ी नहीं लगाई जाए।
इस मांग को अदालत ने मान लिया और पुलिस को बिना हथकड़ी लगाए ले जाने के निर्देश दिए। साथ ही अब जांच के दौरान अभियुक्तों को सफर में भी हथकड़ी नहीं लगाई जाएगी। दोनों आरोपियों के वकीलों ने अदालत से कहा कि पुलिस खाली कागजों पर और सरकारी गवाह बनाने का दबाव डाल रही है।